संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। त्रिवेंद्रम जाने वाली केरल एक्सप्रेस को मंगलवार की आधी रात एक चूहे ने रोक दिया था। चूहा कोच के एसी पैनल में जा घुसा और वहां तार काट दिए, जिससे सर्किट शॉर्ट हो गया। कोच में आंतरी के पास धुआं उठा और फायर अलार्म बजने लगे। धुआं देख यात्रियों को लगा कि कोच में आग लगी है। इससे वहां अफरातफरी मच गई। अच्छी बात यह रही कि ट्रेन में आधुनिक फायर सिस्टम था, जिससे ट्रेन रोक दी गई।
नई दिल्ली से त्रिवेंद्रम की ओर जाने वाली ट्रेन नंबर 12626 केरल एक्सप्रेस 10 मिनट की देरी से मंगलवार की रात 12:13 बजे ग्वालियर पहुंची थी। ट्रेन जब आंतरी-अनंतपेठ के बीच चल रही थी, इसी दौरान सेकेंड एसी कोच ए-1 के एसी पैनल से धुआं उठने लगा। अग्निशमन यंत्र के अलार्म बजने लगे। कुछ ही सेकेंड में ट्रेन भी रुक गई। यात्रियों में अफरातफरी मच गई। ट्रेन में ही मौजूद रेलकर्मियों ने तुरंत एसी पैनल को खोलकर खराबी ठीक की। इस दौरान पैनल में मरा हुआ चूहा भी मिला, जो आग में जल गया था। इससे ट्रेन 40 मिनट आंतरा और 30 मिनट सोनागिर के पास मेन लाइन पर ही खड़ी रही और 1.37 घंटे की देरी से रात 3:07 बजे झांसी पहुंची।
आधुनिक अग्निशमन यंत्र से सुरक्षित रही ट्रेन
केरल एक्सप्रेस समेत अन्य एलएचबी कोचयुक्त ट्रेनों में आधुनिक फायर सेफ्टी यंत्र लगाए गए हैं। यह यंत्र जरा सा धुआं उठने पर भी ट्रेन और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं। सबसे पहले स्मोक डिटेक्टर की लाइट जलने-बुझने लगती है। फिर 10 सेकेंड के बाद अलार्म बजने लगते हैं। 30 सेकेंड बाद कोच में अपने आप ब्रेक लग जाते हैं और उपकरण ट्रेन रोक देता है।
वर्जन
कहीं से चूहा ट्रेन के एसी पैनल में घुस गया था। उसने तार काट दिए। इसी कारण शॉर्ट सर्किट से मामूली धुआं उठने के बाद फायर अलार्म बज गए और आधुनिक सिस्टम होने के चलते ट्रेन रुक गई। - मनोज कुमार सिंह, मंडल रेल जनसंपर्क अधिकारी, झांसी