अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। राहुल गांधी संविधान की किताब जेब में रखकर घूमते जरूर हैं, मगर उन्होंने संविधान नहीं पढ़ा है। राहुल को कांग्रेसी खुद गंभीरता से नहीं लेते हैं। 25 जून 1975 को आपातकाल लगाकर कांग्रेस ने संविधान की हत्या की। शुक्रवार को भाजपा कार्यालय में मीडिया से ये बातें केंद्रीय राज्यमंत्री बीएल वर्मा ने कही।
केंद्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने अपनी सत्ता बचाने के लिए देश में आपातकाल लगाया। इसके लिए मंत्री परिषद की बैठक तक नहीं की। 21 महीने देश में आपातकाल रहा। जनसंघ और अन्य दलाें के नेताओं को जेल में डालकर यातनाएं दी गईं। करंट लगाया और नाखून निकाले गए। अविवाहित लोगों की जबरन नसबंदी की गई। आरएसएस पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया। मीडिया की आजादी छीनी गई।
कांग्रेस को आपातकाल लगाने के लिए माफी मांगनी चाहिए। आज कई विपक्षी दल कांग्रेस के साथ मिलकर इंडिया गठबंधन में शामिल हो गए हैं, आपातकाल के दौरान उनके नेताओं को भी बहुत कुछ सहना पड़ा। मगर, राजनीतिक स्वार्थ में वे इस पर चर्चा करने से डरते हैं।