झांसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 15 अक्तूबर को झांसी आ सकते हैं। वह एरच में डिफेंस कॉरिडोर का जायजा ले सकते हैं। सीएम के संभावित दौरे के संकेत मिलते ही कॉरिडोर के लिए चल रहे सड़क चौड़ीकरण के काम में सात माह से अटका विद्युत पोल शिफ्टिंग का काम तेजी से कराने की कवायद शुरू हो गई है। लोक निर्माण विभाग ने इसके लिए विद्युत एवं यांत्रिक खंड को पत्र लिखकर जल्द पोल शिफ्ट कराने को कहा है।
डिफेंस कॉरिडोर केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी परियोजना है। इसका उद्देश्य देश को रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना है। परियोजना के पहले चरण में गरौठा तहसील के एरच, गेंदा कबूला, कठर्री, लबेरा, नेकेरा और इस्किल गांवों में 1076 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहीत की जा चुकी है। यहां कई बड़ी कंपनियों की उत्पादन इकाइयों की स्थापना का काम शुरू हो चुका है। अब कॉरिडोर का दायरा और बढ़ाया जा रहा है। दूसरे चरण में गरौठा तहसील के तीन गांवों में रक्षा गलियारे के विस्तार के लिए 728 हेक्टेयर अतिरिक्त भूमि खरीदी जा रही है।
बीडीएल की इकाई का काम 85 फीसदी पूरा
डिफेंस कॉरिडोर में सबसे पहले भारत डायनामिक्स लिमिटेड (बीडीएल) की इकाई शुरू होने जा रही है। इकाई का करीब 85 फीसदी काम पूरा हो चुका है और मशीनों की स्थापना तेजी से चल रही है। यहां मिसाइलों और उनके उपकरणों का उत्पादन प्रस्तावित है।
4.40 करोड़ रुपये हो चुके हैं स्थानांतरित
विभागीय पत्र में बताया गया है कि डिफेंस कॉरिडोर के तहत रामनगर-बैंदा-एरच मार्ग के किलोमीटर 16 से 26 और किलोमीटर 30 से 32 तक दो लेन में चौड़ीकरण का काम होना है। इसके अलावा झांसी-बबीना मार्ग के चैनेज 11 से 28.14 तक भी चौड़ीकरण कार्य प्रस्तावित है। इन कार्यों के लिए विद्युत पोल शिफ्ट किए जाने हैं। इसके लिए 4.40 करोड़ रुपये की धनराशि भी स्थानांतरित की जा चुकी है।
पत्र में कहा गया है कि 15 अक्तूबर को डिफेंस कॉरिडोर में मुख्यमंत्री का दौरा प्रस्तावित है। रामनगर-बैंदा-एरच मार्ग पर निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है, लेकिन सात माह से पोल शिफ्टिंग का काम लंबित होने के कारण कई स्थानों पर निर्माण प्रभावित हो रहा है। ऐसे में पोल शिफ्टिंग का काम जल्द कराने के निर्देश दिए गए हैं।
चुनाव से पहले पीएम के हाथों लोकार्पण की तैयारी
वर्ष 2027 में उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं। इससे पहले डिफेंस कॉरिडोर का लोकार्पण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों कराया जाना प्रस्तावित है। इसी क्रम में परियोजना की तैयारियों और निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लेने के लिए मुख्यमंत्री के झांसी दौरे की संभावना जताई जा रही है।