अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। रेलवे वेंडर जगभान कुशवाहा की हत्या की गुत्थी दूसरे दिन भी नहीं सुलझ सकी। पुलिस को हत्या की वजह भी मालूम नहीं चल सकी। परिवार के लोगों ने भी अभी तक तहरीर नहीं दी है। इस वजह से गुत्थी उलझती जा रही है। सोमवार को पुलिस ने घटना स्थल के आसपास के दुकानदारों समेत वहां लगे सीसीटीवी कैमरों को भी खंगाला। पुलिस उसके मोबाइल कॉल रिकॉर्ड को भी खंगालने में जुटी है। इसी कॉल रिकॉर्ड के सहारे उसे सुराग मिलने की उम्मीद है।
रविवार को जगभान का खून से सना शव रेलवे स्टेशन के बाहर हनुमान मंदिर के पास झाड़ियों से बरामद हुआ था। उसकी कनपटी से गोली सटाकर मारी गई थी। इस वजह से गोली सिर के आरपार हो गई। परिजनों ने पुलिस को बताया कि उसकी ड्यूटी दूर-दराज की ओर चलने वाली ट्रेनों पर रहती थी। इस वजह से घर नहीं आता था जबकि घर में पत्नी समेत तीन बच्चे हैं। परिवार को हर महीने वह सिर्फ पैसे भेज देता था। पिछले तीन माह से वह घर नहीं आया था। हालांकि इस दौरान उसका एक रिश्तेदारी में आना-जाना था। शनिवार को भी जगभान वहां गया था। एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति का कहना है कि पुलिस कई बिंदुओं पर जांच कर रही है।