संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। मूंगफली की अच्छी मांग और निर्यात से जुड़ी संभावनाओं को देखते हुए प्रदेश सरकार बुंदेलखंड में मूंगफली उत्पादन को बढ़ावा देने पर जोर दे रही है। इसके लिए बुंदेलखंड में झांसी को जल्द ही मूंगफली का नया हब बनाने की तैयारी की जा रही है। मूंगफली का रकबा पिछले साल 1.67 लाख हेक्टेयर से बढ़कर 1.79 लाख हेक्टेयर हुआ है। इसके अलावा, किसान दलहन के साथ तिलहन में भी अपनी रुचि दिखा रहे हैं।
कृषि अधिकारी कुलदीप मिश्रा ने बताया कि मूंगफली का उत्पादन प्रमुख रूप से बुंदेलखंड और इसके आसपास के जिलों में ही होता है। झांसी उत्पादन के मोर्चे पर टॉप पर है। इसके अलावा बांदा, हमीरपुर, महोबा, ललितपुर का भी बीते पांच साल में रकबा बढ़ा है। पिछले पांच साल की बात करें तो हर साल रकबे में बढ़ोतरी हुई है। पिछले पांच पहले जहां दलहन तिलहन का कुल रकबा 1.67 लाख हेक्टेयर के आसपास था, आज वह बढ़कर 2.70 लाख हेक्टेयर हो गया। श्रीअन्न को भी खरीफ में शामिल किया जाए तो कुल 3.34 लाख हेक्टेयर में खरीफ की खेती की जा रही है।
कृषि अधिकारी ने बताया कि किसानों की रुचि को देखते हुए विभाग उन्हें उच्च क्वालिटी के बीज भी उपलब्ध करा रहा है ताकि किसानों की फसल अच्छी हो और उनकी आय बढ़ सके। किसानों को सलाह दी गई है कि बरसात शुरू हो गई है। इसलिए किसान धान की नर्सरी की तैयारी कर लें। वहीं, मूंगफली के लिए भी जमीन में बुआई करने के लिए जमीन में पर्याप्त नमी आ गई है। इसलिए किसान बुआई शुरू कर सकते हैं।