झांसी। कोरोना के दौर में ऑक्सीजन की खपत में भी तेजी से उछाल आया है। सामान्य दिनों की तुलना में अब जिले में तीन गुनी ऑक्सीजन की खपत बढ़ गई है। यही नहीं, मांग के हिसाब से क्षेत्रीय सप्लायरों को भी ऑक्सीजन का कच्चा माल नहीं मिल पा रहा है। इससे मांग के हिसाब से सप्लाई नहीं हो पा रही है। इसी बीच, ऑक्सीजन के दाम भी तीन गुने हो गए हैं।
कोरोना वायरस से संक्रमित कई गंभीर मरीज महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज में भर्ती हो रहे हैं। सांस लेने में समस्या होने पर आईसीयू में भर्ती कई मरीजों को तो एक सप्ताह से भी अधिक समय तक ऑक्सीजन की जरूरत पड़ रही है। इस कारण ऑक्सीजन की खपत काफी बढ़ गई है। ऐसे में कॉलेज में स्थापित लिक्विड ऑक्सीजन प्लांट के अलावा भी ऑक्सीजन सिलिंडर खरीदने की जरूरत पड़ रही है। मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों ने ही बताया कि उनके यहां ऑक्सीजन की सप्लाई तीन गुनी हो गई है। सरकारी अस्पताल में सप्लाई बढ़ने की वजह से निजी अस्पतालों में मांग के अनुसार ऑक्सीजन की सप्लाई नहीं हो पा रही है। नर्सिंगहोमों को ऑक्सीजन के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है। झांसी में सरकारी और निजी अस्पतालों को ऑक्सीजन की सप्लाई करने वाले चार सप्लायर है, इसमें गोरामछिया और बिजौली में स्थित दो इंडस्ट्री भी शामिल हैं। सप्लायर ने बताया कि उनके पास भी मांग के अनुसार ऑक्सीजन नहीं आ पा रही है। पहले जहां भोपाल, इंदौर से सप्ताह में दो से तीन गाड़ियां ऑक्सीजन सप्लाई के लिए आती थीं, अब बमुश्किल एक गाड़ी आ पा रही है। अस्पताल एडवांस में भी सिलिंडर लेकर रख ले रहे हैं, जबकि पहले ऐसा नहीं होता था।
500 सिलिंडरों की रोज खपत
कोरोना वायरस के दौर के पहले जिले में 150 से 200 सिलिंडर की प्रतिदिन खपत होती थी। मौजूदा समय में यह बढ़कर 500 से भी अधिक हो गई है। यह तो सप्लाई होने वाले सिलिंडरों का आंकड़ा है। इनमें से कइयों को तो मांग के बावजूद या तो नहीं या फिर देर से सिलिंडर मिल पाता है। वरना, यह आंकड़ा और भी बढ़ता।
एमपी में कोरोना बढ़ने का भी असर
झांसी में इंदौर और भोपाल से ऑक्सीजन का कच्चा माल आता है। इसे री-फिलिंग करके सिलिंडरों के जरिए अस्पतालों में सप्लाई किया जाता है। बताया गया कि मध्य प्रदेश में कोरोना के केस बढ़ने और झांसी के नजदीक स्थित शिवपुरी में ऑक्सीजन की सप्लाई बढ़ गई है। इससे झांसी में सप्लाई पर असर पड़ा है।
पिछले सात-आठ दिनों से ऑक्सीजन की सप्लाई निजी अस्पतालों में प्रभावित हुई है। बढ़ी मुश्किल से ऑक्सीजन सिलिंडर मिल पा रहे हैं। इस समस्या से जिला प्रशासन के अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। उन्होंने जल्द समस्या का निस्तारण करने का आश्वासन दिया है। - निलय जैन, सचिव, नर्सिंगहोम एसोसिएशन, झांसी।