झांसी। जल्द ही ड्रोन कैमरे से ट्रेेनों, रेलवे लाइन और पुलों की निगरानी होगी। इसके लिए रेलवे बोर्ड की ओर से मंडल को दो ड्रोन कैमरे उपलब्ध कराए जाएंगे। इन ड्रोेन कैमरे से रेलवे 24 घंटे निगरानी कर सकेगा। सुरक्षा व्यवस्था के तहत भी कैैमरे लाभकारी साबित होंगे।
मंडल के सुनसान स्थानोें पर स्थिति की जानकारी नहीं मिल पाती है। इसकी वजह से तत्काल सहायता नहीं पहुंच पाती है। रेलवे बोर्ड रेलवे लाइनों की निगरानी और तत्काल जानकारी करने के लिए प्रत्येक रेल मंडल को ड्रोन कैमरे उपलब्ध कराने जा रहा है। इसके तहत झांसी रेल मंडल को भी ड्रोन कैमरे मिलेंगे। इन कैमरों से बरसात के मौसम में रेलवे पुलों, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की रेल लाइनों आदि की निगरानी भी हो सकेगी।
ड्रोन कैमरा उपलब्ध कराने के साथ मंडल मुख्यालय पर कंट्रोल रूम भी बनाया जाएगा। ड्रोन कैमरा फोटो और सूचनाएं कंट्रोल रूम को भेजने का काम करेगा। यार्ड रिमॉडलिंग वाले स्थानों पर ड्रोन कैमरा ट्रेन संचालन में सहायक बनेगा। जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह बताया कि ड्रोन कैमरा ट्रेन संचालन व अन्य कार्यों के लिए सहायक साबित होगा।
कैमरे रात में भी निगरानी कर सकेंगे
यात्री सुविधाओं के साथ-साथ रेलवे रेल संरक्षा पर भी जोर दे रहा है। रेलवे ट्रैक और पुलों के साथ ओएचई की निगरानी भी हो सकेगी। ये कैमरे रात में भी निगरानी कर सकेंगे। मंडल में अगले महीने ड्रोन कैमरे का ट्रायल भी होगा।
उच्च गुणवत्ता के होंगे कैमरे
बताया गया है कि ड्रोन में काफी उच्च गुणवत्ता का कैमरा लगाया जाएगा। रात में भी इससे होने वाली निगरानी साफ नजर आएगी। उच्च क्वालिटी के कैमरे होने के कारण रात के समय भी फाल्ट को पकड़ा जा सकेगा।