झांसी पानी की किल्लत से जूझ रहे महानगर में हैंडपंप मरम्मत होने की शिकायतें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रतिदिन तीस से पैंतीस तक हैंडपंप रिपेयर की शिकायतें आ रही हैं। अधिकांश हैंडपंप में पुराने पाइप बदले जा चुके हैं। नए पाइप डाल दिए गए हैं। रिपेयरिंग भी हो गई है लेकिन जलस्तर नीचे चला जाने के कारण हैंडपंप पानी नहीं दे रहे है। यह स्थिति अधिकांश मोहल्लों की है।
गर्मी अधिक पड़ने से लोगों को पानी की भी जरूरत पड़ रही है। नल नहीं आने पर एकमात्र सहारा हैंडपंप होते हैं। पूरे महानगर में 3286 हैंडपंप लगे हैं। इनमें से 56 हैंडपंप खराब हो गए हैं। बाकी हैंडपंपों की रिपेयरिंग कराकर काम चलाया जा रहा है। शिकायत पर पार्षद हैंडपंप रिपेयर करा रहे हैं। अतिरिक्त पाइप भी डलवा रहे हैं। लेकिन पानी नहीं आ रहा है। इसकी वजह जलस्तर नीचे गिर जाना है।
प्रतिदिन तीस से पैंतीस हैंडपंप सही करने की शिकायत आ रही है। हंसारी क्षेत्र में तो बीते रोज आठ हैंडपंप रिपेयर करने की शिकायत आई थी। रिपेयरिंग के बाद भी कई हैंडपंप पानी नहीं होने के कारण काम नहीं कर रहे हैं।
शहर में अधिकांश क्षेत्र ड्राई
महानगर में कई क्षेत्र ऐसे हैं, जहां पर भूजल स्तर बहुत नीचे है। जमीन के अंदर चट्टान होने के कारण बोरिंग कराने पर असफल हो जाती है। इस कारण पानी की समस्या रहती है। राजगढ़, बिजौली, बड़ागांव गेट, महाराणा प्रताप नगर, कोछाभांवर, वीरांगना नगर, सिमरधा, सिल्वर्टगंज, खैरागांव, पाल कॉलोनी, सिद्धेश्वर नगर, ताज कंपाउंड, मुकरयाना, बाहर उनाव गेट, अलीगोल समेत अन्य मोहल्ले शामिल हैं।
छह टीमें हैंडपंप की रिपेयरिंग के लिए लगी हुई हैं। जहां से भी शिकायत आती है, अगले दिन उसे ठीक करा दिया जाता है। - कुलदीप सिंह, अधिशासी अभियंता, जलसंस्थान