अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। नगर निगम की काफी जमीन तो भूमाफियाओं द्वारा बेच दी गई है। सरकारी रिकॉर्ड की मुताबिक, अभी करीब 71 एकड़ भूमि पर कब्जा है। इसमें 40 एकड़ भूमि का मामला कोर्ट में विचाराधीन है। हालांकि, नगर निगम की ओर से दो साल में 93 एकड़ भूमि कब्जामुक्त भी कराई गई है। नगर निगम की जमीन पर लगातार कब्जे की शिकायतें पार्षद कर रहे हैं।
नगर निगम की सबसे ज्यादा जमीन गरियागांव, बिजौली और करारी में है। इन क्षेत्रों में ही सबसे ज्यादा जमीन कब्जा होने के मामले सामने आते हैं। क्षेत्रीय पार्षदों की ओर से लगातार कब्जे की शिकायतें की जा रही हैं। अभी कोछाभांवर वार्ड में ही 10 एकड़ भूमि पर कब्जे की शिकायत पार्षद ने की है। इसके अलावा, गरियागांव में भी अलग-अलग जगहों पर 44 हजार स्क्वॉयर फीट भूमि पर कब्जा होने की शिकायत पार्षद कर रहे हैं। नगर निगम ने भी विभिन्न इलाकों में 20-22 एकड़ भूमि चिह्नित कर ली है, जहां पर अस्थायी कब्जा है। इन्हें हटवाने की कार्रवाई भी की जा रही है।
वर्जन
पिछले दो सालों में लगभग 93 एकड़ भूमि कब्जा मुक्त कराई जा चुकी है। जिन जमीनों पर कब्जा होने के मामले कोर्ट में चल रहे हैं, उनमें न्यायालय के आदेश का इंतजार है। बाकी, स्थानों पर शिकायत मिलने पर पैमाइश कराई जा रही है। - गौरव कुमार, सहायक नगर आयुक्त
कोर्ट में चल रहे हैं ये मामले
गरियागांव में 10 एकड़ जमीन का।
- पिछोर में आठ एकड़ भूमि का।
- आतियां ताल में पांच एकड़ जगह का।
- डडियापुरा बगिया लक्ष्मी गेट के पास चार एकड़ भूमि का।
- पहूज नदी के किनारे चार एकड़ जमीन का।
- बालाजी रोड के पास पौने चार एकड़ जगह का।
- कांशीराम कॉलोनी के पास दो एकड़ जमीन का।
- बिजौली में पेट्रोल पंप के पास दो एकड़ भूमि का।
- आरटीओ के पास आधा एकड़ जगह का।
यहां कब्जा मुक्त कराई भूमि
नगर निगम की ओर से दो साल में अब तक सबसे ज्यादा 60 एकड़ भूमि गरियागांव में कब्जा मुक्त करवाई है। इसके अलावा, बिजौली में 20 एकड़, भगवंतपुरा में चार एकड़, आतियां ताल के पास और लहरगिर्द में तीन-तीन एकड़, रानी महल के पास, बूढ़ा और कोछाभांवर में एक-एक एकड़ भूमि कब्जा मुक्त कराई जा चुकी है। अन्य स्थानों पर भी सरकारी जमीन से कब्जे हटवाए गए।
ये बोले पार्षद
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गरियागांव में पार्क के पास करीब 15 हजार वर्ग फीट, आजादपुरा पानी की टंकी के पास 15 हजार वर्ग फीट, नयागांव रोड पर 14 हजार जमीन पर अभी भी कब्जा है। नगर निगम को शिकायती पत्र देकर कार्रवाई की मांग की गई है, मगर इन स्थानों से कब्जे नहीं हटवाए गए हैं। - हरिओम मिश्रा, वार्ड 15
बेतवा विहार कॉलोनी के पास तीन एकड़, नगरिया कुआं के पास सात एकड़ सरकारी भूमि पर कब्जा है। एक साल से नगर निगम में शिकायत कर रहे हैं। बेतवा विहार की साल भर से नाप नहीं हो पा रही है। नगरिया कुआं के पास मकान, दुकानें बनती जा रही हैं। कार्रवाई नहीं हो रही। - पूजा श्रीवास, वार्ड 13