झांसी। गरौठा तहसील के प्यासे खेतों तक पानी पहुंचाने की तैयारी कर ली गई है। इसके लिए लखेरी नदी के जीर्णोद्धार की योजना है। यह जिम्मेदारी लघु सिंचाई विभाग को सौंपी गई है। यह कार्य मुख्यमंत्री की प्राथमिकता पर होने के चलते जल्द ही इसे हरी झंडी मिलने की संभावना जताई जा रही है।
गरौठा तहसील के ज्यादातर हिस्से में खेतों की सिंचाई के लिए पानी की भारी परेशानी है। भूगर्भ जल का स्तर बेहद नीचे है। इसके अलावा सिंचाई के अन्य संसाधनों का भी अभाव है, जिससे किसान वर्षा जल पर ही निर्भर हैं। लेकिन, कुदरत किसानों को लगातार धोखा देती आ रही है। ऐसे में खेत प्यासे बने रहते हैं और अन्नदाता दाने- दाने को मोहताज। इस समस्या के हल के लिए गरौठा तहसील के बड़े भूभाग तक पहुंच रखने वाली लखेरी नदी के जीर्णोद्धार की तैयारी कर ली गई है। इस योजना को मूर्त रूप देने की जिम्मेदारी लघु सिंचाई विभाग को सौंपी गई है। योजना के तहत कई जगह नदी का गहरीकरण किया जाएगा।
साथ ही दो दर्जन स्थानों पर छोटे-बड़े चेकडैम बनाए जाएंगे, ताकि बारिश होने पर नदी में आने वाले पानी को रोका जा सके। इससे समय पर किसानों को सिंचाई के लिए पानी मिलेगा। साथ ही चेकडैम के आसपास के इलाकों में भूगर्भ जल की स्थिति में भी सुधार होगा। इस योजना में प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी रुचि दिखाई है, जिससे शासन स्तर पर इसे जल्द ही मंजूरी मिलने की भी संभावना जताई जा रही है।
गरौठा की लखेरी नदी के जीर्णोद्धार की योजना बनाई गई है। इससे क्षेत्र में सिंचाई के लिए पानी की उपलब्धता सुनिश्चित होगी। साथ ही भूगर्भ जल के स्तर में भी सुधार होगा।
- अनुराग यादव, जिलाधिकारी