फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आईसीयू में भर्ती 99 फीसदी कोविड मरीजों में विटामिन-डी की कमी

विज्ञापन
lac of vitamin-d in covid patieint
विज्ञापन
प्रशांत शर्मा
विज्ञापन

झांसी। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में भर्ती 99 फीसदी कोरोना मरीजों में विटामिन-डी की कमी पाई गई है। विदेशों में हुए तमाम शोध में यह बात साबित हो चुकी है कि विटामिन-डी की कमी कोरोना मरीजों की जान के लिए खतरनाक साबित हो सकती है। ऐसे में लोगों को अपने शरीर में विटामिन-डी की उपलब्धता बनाए रखना जरूरी है। खासकर कोविड महामारी के दौर में।
मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में पिछले 15 दिनों में भर्ती 62 मरीज हुए। हाल ही में डॉक्टरों ने सूक्ष्म शोध के लिए इन सभी मरीजों के खून के नमूने से दूसरी जांचों के साथ विटामिन-डी की उपलब्धता की भी जांच कराई। रिपोर्ट सामने आई तो आश्चर्यजनक परिणाम दिखे। 62 में से 60 मरीजों में विटामिन-डी की कमी मिली। शोध में आचार्य एनेस्थीसिया डॉ. अंशुल जैन, डॉ. रजत जैन, डॉ. अशोक मित्तल और डॉ. मयंक सिंह शामिल रहे। प्रमुख शोधकर्ता डॉ. अंशुल ने बताया कि विदशों में कोविड मरीजों पर तमाम शोध किए गए। विटामिन-डी को लेकर हुई रिसर्च में पता चला कि जिन कोविड मरीजों में इसकी कमी थी, उनमें से कइयों की जान जोखिम में पड़ गई तो कई की मौत तक हो गई। उन्होंने बताया कि थोड़ी देर धूप में रहकर विटामिन-डी की कमी को पूरा किया जा सकता है। इसके अलावा मेडिकल स्टोर पर टैबलेट और पाउच में भी यह मिलता है। कुछ जरूरी आहार खाकर भी इसकी कमी को दूर किया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

ये भी जानें
डेनमार्क के शोधकर्ताओं के मुताबिक विटामिन-डी शरीर की टी कोषिकाओं की क्त्रिस्याविधि में इजाफा करता है, जो किसी भी बाहरी संक्त्रस्मण से शरीर की रक्षा करती है। इसकी मानव प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने में मुख्य भूमिका होती है और इसकी पर्याप्त मात्रा के बिना प्रतिरक्षा प्रणाली की टी-कोषिकाएं बाहरी संक्त्रस्मण पर प्रतिक्रिया देने में असमर्थ रहती हैं। टी-कोषिकाएं सक्रिय होने के लिए विटामिन-डी पर निर्भर रहती हैं।
विटामिन-डी से भरपूर आहार
- अंडे
- दही
- दूध
- मशरूम
- ऑरेंज जूस
- कोलार्ड
- ओकरा
- पालक, सोयाबीन
- पनीर, चीज
कमी के ये हैं लक्षण
- जल्दी थकना
- जोड़ों में दर्द
- पैरों में सूजन
- लंबे समय तक खड़े रहने में दिक्कत
- कमजोर मांसपेशियां
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें