झांसी। राजकीय बालिका इंटर कालेज रानीपुर के निर्माणाधीन छात्रावास में घटिया ईंटा का इस्तेमाल मिलने पर सीडीओ ने उसका सैंपल लेकर जांच के लिए बुंदेलखंड इंजीनियरिंग कालेज भेज दिया है।
मुख्य विकास अधिकारी चंद्र विजय सिंह ने मंगलवार को निर्माणाधीन छात्रावास का निरीक्षण किया तो पोल खुल गई। दो मंजिल पर 13-13 कमरे बनाए गए हैं। निर्माण कार्य सितंबर माह तक पूरा होना है, लेकिन काम कछुआ गति से चलता मिला। अभी प्लास्टर का काम पूरा नहीं हुआ। फर्श नहीं बने हैं।
ईंटों की गुणवत्ता कमजोर (एक नंबर के स्थान पर तीन नंबर) मिलने पर उन्होंने सहायक परियोजना प्रबंधक ए. के. मिश्रा से इसके बारे में पूछा, लेकिन वह जवाब नहीं दे सके। इस पर उन्होंने ईंटा का गुणवत्ता जांचने के लिए उसका सैंपल लेकर बुंदेलखंड इंजीनियरिंग कालेज भेजने के निर्देश दिए।
यहां से वह ग्राम रूपा धमना पहुंचे। उन्होंने कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया। एक दर्जन छात्राएं बीमार होने के कारण विद्यालय में नहीं थीं, बल्कि उनके अभिभावक घर ले गए थे। विद्यालय के तख्त टूटे मिले। गद्दे और रजाई गंदे मिले। सफाई के निर्देश दिए तथा तख्त दुरुस्त कराने को कहा। लेखा लिपिक नरेश कुमार अनुरागी अनुपस्थित मिले। उन पर कार्रवाई के निर्देश दिए। विद्यालय के ग्राउंड में पानी भरा था।
इसके बाद वह डा. राममनोहर लोहिया समग्र ग्राम ककवारा पहुंचे। यहां पर 36 लोहिया आवासों में 35 की छत डाली जा चुकी है। लेकिन, आवासों पर लाभार्थी की नेमप्लेट नहीं लगी मिली। इस पर उन्होंने नाराजी व्यक्त की। खंड विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि सभी आवासों में सौर ऊर्जा लाइट लगवाएं। गांव वालों ने पशुओं का टीकाकरण नहीं किए जाने की शिकायत की। इस पर उन्होंने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को टीकाकरण के निर्देश दिए।
कटिया डालकर हो रही थी चोरी
ग्राम ककवारा में लगभग 50 लोगों के घरों में चाइना की बिजली केबल से चोरी की जा रही थी। लोवरलोडिंग के कारण ट्रांसफार्मर एक माह से फुंका पड़ा है। सीडीओ को जानकारी मिलने पर उन्होंने सभी के कटिया कनेक्शन निकलवाए और चेतावनी दी कि अगर दुबारा किसी ने चोरी से बिजली जलाई तो एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
लेखाकार को थमाई जाएगी चार्जशीट
एक लेखाकार को सरकारी कार्य में लापरवाही बरतने और आए दिन झगड़ा करने पर चार्जशीट देने की तैयारी कर ली है। इसकी रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है, वहां से संस्तुति के बाद चार्जशीट थमा दी जाएगी। मुख्य विकास अधिकारी ने निदेशक, अतिरिक्त लेखा एवं लेखा परीक्षा उप्र लखनऊ को संदर्भित पत्र में लेखाकार की मनमानी के बारे में लिखा है।