रक्षाबंधन के मौके पर झांसी से विभिन्न रूटों पर बहनों ने मुफ्त सफर का आनंद लिया। खास बात यह रही कि महिलाओं के साथ एक पुरुष सहयात्री का भी टिकट माफ किया गया। ऐसे में तीन दिन में 1,08,274 यात्रियों ने मुफ्त यात्रा की। रोडवेज प्रबंधन के अनुसार, इनके सफर का 1,42,60,102 करोड़ रुपये किराया होता है, जिसका मुफ्त में टिकट बना।
रक्षाबंधन पर बहनों को प्रदेश सरकार ने परिवहन निगम की बसों में निःशुल्क यात्रा का तोहफा दिया था। यह सुविधा 8 अगस्त की सुबह से 10 अगस्त की शाम तक रही। ऐसे में परिवहन निगम की बसों में तीनों दिन बहनों और सहयात्रियों की भीड़ जुटी रही। भीड़ के आगे बसों की कमी पड़ गई थी। रोडवेज की ओर से रक्षाबंधन को लेकर पहले से ही तैयारी की गई थी।
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम झांसी के क्षेत्रीय प्रबंधक संतोष कुमार ने बताया कि रक्षाबंधन के त्योहार पर बहनों को पर्याप्त संख्या में बसें उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया। तीन दिन में एक लाख से अधिक बहनों और सहयात्रियों ने रोडवेज की बसों में मुफ्त यात्रा की। तीन दिनों तक न केवल अतिरिक्त बसें चलाई गईं बल्कि बसों के फेरे भी बढ़ाए गए। यात्रियों की अधिक संख्या को देखते हुए विशेष ड्यूटी और अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती की गई थी।