कोरोना संकट से निपटने के लिए प्रधानमंत्री की तरफ से शुरू किए गए फंड के नाम पर धोखाधड़ी की शिकायतें सामने आ रही हैं। इसी के मद्देनजर झांसी की साइबर पुलिस अलर्ट हो गई है। जांच में पता चला कि अब तक जिले में 70 लोगों के पास साइबर अपराधियों के कॉल पहुचे हैं।
अच्छी बात यह है कि अभी तक झांसी का कोई भी व्यक्ति अपराधियों का शिकार नहीं हुआ है। कोरोना ने महामारी का रूप लिया तो इससे लड़ने के लिए लोगों ने दिल खोलकर दान करना शुरू कर दिया है। लोगों की दरियादिली का साइबर ठग फायदा उठा रहे हैं।
ठग लोगों को ईमेल और व्हाट्सएप के माध्यम सें ऐसे लिंक और कोड भेज रहे हैं जिस पर क्लिक करते ही खातों से पैसा उड़ जा रहा है।
झांसी के 70 लोगों के पास पहुचे काल में कुछ लोगों को रिमोट एक्सेस ट्रोजान एप डाउनलोड करने के लिए कहा गया।
लोगों को एप में अपने बैंक कार्ड की जानकारियां देने को कहा जाता है। जो लोग झांसे में आकर कार्ड की डिटेल भर दे रहे हैं उन्हें बड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है। यह ऐसे ऐप हैं जिनके माध्यम से ठग कहीं भी बैठे-बैठे दूसरे के कंप्यूटर या मोबाइल को संचालित कर सकते हैं।
किसी से भी नहीं साझा करें यह जानकारी-
- क्रेडिट/डेबिट कार्ड नंबर
- कार्ड का सीवीवी नंबर
- कार्ड वेरिफिकेशन नंबर
- कार्ड एक्सपायरी डेट
- बैंक कार्ड के पासवर्ड
- इंटरनेट बैंकिंग लॉगिन डीटेल
सरकार नहीं भेज रही कोई लिंक या कोड
झांसी के एसपी राहुल मिठास ने बताया कि ऐसे मामले पुलिस के पास आ रहे हैं। साइबर सेल ने अलर्ट जारी किया है। किसी भी ऐसे कॉल पर कोई जानकारी न दें।