नाबालिग के साथ दुष्कर्म के दोषी को अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने 10 साल सश्रम कारावास समेत 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक, 2 अगस्त 2019 को थाना नवाबाद थाना क्षेत्र के एक मोहल्ला निवासी ने रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि वह अपने काम से बाहर गया था। घर में उसकी नाबालिग बेटी अकेली थी। घर लौटने पर मालूम चला कि थाना नवाबाद के डडियापुरा, शिवाजी नगर निवासी मोनू वाल्मीकि उसकी पुत्री को अगवा कर ले गया। कई जगह तलाशने पर भी बेटी का पता नहीं चला। उसने नवाबाद थाने में आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने तलाश करके आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से ही नाबालिग की बरामदगी हुई।
पीड़िता के बयान पर पुलिस ने अभियुक्त मोनू के खिलाफ दुष्कर्म एवं पॉक्सो की धाराएं भी बढ़ा दीं। मामले की विवेचना के बाद पुलिस ने कोर्ट में मोनू के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत साक्ष्य एवं गवाहों को विश्वसनीय मानते हुए कोर्ट ने अभियुक्त मोनू को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।