संवाद न्यूज एजेंसी
गरौठा। अपर सत्र न्यायाधीश राकेश कुमार वर्मा की अदालत ने दोषियों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर सात वर्ष का कठोर कारावास व दस हजार रुपये अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड अदा न करने पर तीन महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
सहायक शासकीय अधिवक्ता संजय शर्मा ने बताया है कि गरौठा थाना क्षेत्र के ग्राम दुरखुरु निवासी प्रमोद, बब्लू, रामकुमार, चंद्रभान सहित चारों अभियुक्तों को सोमवार को अपर सत्र न्यायालय में सुनवाई के लिए पेश किया गया। अपर सत्र न्यायाधीश राकेश वर्मा ने बहस के दौरान पर्याप्त सबूत मिलने पर चारों को दोषी मानते हुए सात वर्ष का कठोर कारावास व दस हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अभियोजन की ओर से सहायक शासकीय अधिवक्ता संजय देव शर्मा ने बताया कि 30 अप्रैल सन् 2023 को प्रमोद, बब्लू, रामकुमार, चंद्रभान ने वीरेंद्र की पिटाई कर दी। रिपोर्ट लिखाने गए तो इन्होंने वीरेंद्र के पिता सियासरण के मकान में आग लगा दी थी। इससे घर गृहस्थी का सारा समान जल कर खाक हो गया था। इसके बाद 01 मई 2023 को दोबारा रिपोर्ट लिखाने थाने गए तो इन्होंने परिवार के दो अन्य सदस्यों कैलाश व रंजीत के मकानों में आग लगा दी थी। गांव के लोग आग बुझाने के लिए आए तो ये लोग असलहा के दम पर नहीं बुझाने दिया। इससे मकान का सारा सामान जल गया था। कैलाश की तहरीर पर पुलिस ने चारों के खिलाफ धारा 436 , 506 , 427 आदि धाराओं में मुकदमा लिखा था।