फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘उम्मीद’ बनेगा बीमार रेलकर्मियोें का सहारा, कहीं भी करा सकेंगे इलाज

विज्ञापन
विज्ञापन
झांसी। रेल महकमा एचआईएमएस (हेल्थ इन्फोर्मेशन एंड मेडिसिन सिस्टम) विकसित करने में जुटा है। इसके तहत सभी रेल कर्मचारियों के लिए उम्मीद कार्ड बनाया जा रहा है। इसकी मदद से रेल कर्मचारी किसी भी रेलवे अस्पताल में बिना औपचारिकता के आसानी से इलाज हासिल कर सकेंगे। इस योजना से करीब 85 हजार रेल सदस्य लाभान्वित हो सकेंगे।
विज्ञापन

रेलवे के कई बड़े अस्पताल हैं जहां जटिल रोगों का अच्छा इलाज होता है लेकिन, मंडल से बाहर के अस्पताल में सामान्य तौर पर रेलकर्मियों को आसानी से उपचार हासिल नहीं हो पाता। जटिल रोगों के इलाज के लिए अगर बाहर जाने पर उनको लंबी औपचारिकताएं पूरी करनी होती है। इस वजह से रेल कर्मी अच्छे अस्पतालों की सुविधाओं से वंचित रह जाते हैं। इसको देखते हुए रेलवे बोर्ड के निर्देश पर एचआईएमएस सिस्टम विकसित किया जा रहा है। इसके माध्यम से सभी रेल अस्पताल एक ग्रिड से जोड़े जाएंगे। इसमें सभी मरीजों का रिकार्ड ऑनलाइन माध्यम से दर्ज होगा। मरीज को डॉक्टरों का पर्चा भी साथ लेकर घूमने की जरूरत नहीं। अपने रजिस्ट्रेशन नंबर की बदौलत वह किसी रेल अस्पताल के डॉक्टर से परामर्श हासिल कर सकेंगे। रेल अफसरों का कहना है कि इसके लिए सभी रेल कर्मियों को उम्मीद कार्ड दिया जा रहा है। सेवानिवृत्त कर्मचारियों को भी यह सुविधा मिलेगी। इसके जरिए करीब 65 हजार रेल कर्मचारी एवं उनके परिवार समेत करीब 20 सेवानिवृत्त कर्मचारियोें को फायदा मिलेगा। उम्मीद कार्ड मंडल के विभिन्न स्टेशनों में बनाने की प्रक्रिया भी आरंभ हो गई हैै। वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी राजेश कुमार गुप्ता का कहना है मंडल के सभी स्टेशनों में कैंप लगाकर कार्ड बनाए जा रहे हैं। इसके माध्यम से रेल कर्मियों को इलाज कराने में मदद मिलेगी। यह कैंप झांसी समेत ललितपुर, चित्रकूट धाम, उरई, खजुराहो समेत अन्य स्टेशनों में लगाए जा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें