संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। बिजली विभाग हर घर को रोशन करने के भले ही कितने दावे कर ले, लेकिन झांसी में एक मोहल्ला ऐसा भी जहां के 180 घरों में बच्चे आज भी लैंप की रोशनी में पढ़ाई करते हैं। घर तक बिजली न पहुंचने से इन बच्चों को पढ़ाई करने में काफी दिक्कत होती है। मगर अंधेर व्यवस्था को इनका दर्द नजर नहीं आता। ये बच्चे कई बार अफसरों से गुहार लगा चुके हैं। बुधवार को बच्चों ने मोहल्ले में हाथों में तख्तियां लेकर बिजली विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसके बाद विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और समस्या का समाधान करने का भरोसा दिया।
महानगर के करगुवां क्षेत्र के बरियापुरा मोहल्ले में 200 घर हैं। लेकिन बिजली महज 20 घराें तक ही पहुंच सकी है। यहां के 180 घरों में लोग रात को लैंप और लालटेन जलाकर जीवन गुजार रहे हैं। इन घरों के बच्चे लैंप की रोशनी में ही पढ़ते हैं। बच्चों का कहना है कि परीक्षाओं के वक्त बहुत दिक्कत होती है। घर तक बिजली पहुंचाने के लिए लोग कई बार अफसरों से मिल चुके हैं, लेकिन अफसर हर बार कुछ न कुछ नियम बताकर पल्ला झाड़ लेते हैं। लोग कहते हैं कि पूरे मोहल्ले में तीन पोल लगे हैं। इनसे 40 मीटर दायरे में आने वाले मकानों तक ही बिजली पहुंच सकी है। जबकि बाकी घरों तक बिजली पहुंचाने के लिए खंभे नहीं लगाए गए हैं। बुधवार को मोहल्ले में प्रदर्शन कर रहे बच्चों ने कहा कि अब अंधेर व्यवस्था से आस टूट चुकी है। लैंप की रोशनी के सहारे भविष्य को संवारने की कोशिश कर रहे हैं।
बच्चों ने बताया कि दो माह पहले गल्ला मंडी बिजली घर के अभियंता ने खंभे लगाने का स्टीमेट बनाकर भरोसा दिया था, लेकिन अभी तक उस पर कोई कार्यवाही नहीं हुई है।
वर्जन
क्षेत्रवासियों ने बिजली कनेक्शन कराने की मांग की है। जल्दी ही क्षेत्र में बिजली के खंभे लगाकर लोगों की समस्या का समाधान कराया जाएगा।
राजीव माहेश्वरी, मुख्य अभियंता, विद्युत विभाग।