इलाइट- स्टेशन रोड पर आईआरसीटीसी के लाइसेंसी एजेंट के प्रतिष्ठान में परसनल आईडी पर बनाए गए टिकटों को सीज करा दिया गया है। इस बात की जानकारी टिकट बनवाने वालों को नहीं है। इससे यात्रा के दौरान उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ा है।
विगत 27 मई को नरसिंह राव टौरिया निवासी अभय बाकणकर ने स्टेशन रोड पर स्थित रिद्धी- सिद्धी ट्रेवल एजेंसी के संचालक मसीहागंज निवासी जितेंद्र शर्मा से आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर पत्नी दीक्षा व बेटी ईशा के नाम पर 25 जून का मालवा एक्सप्रेस में इंदौर से झांसी का टिकट बनवाया था। कंफर्म टिकट पर यात्री को एस 8 कोच में 42 व 43 बर्थ मिली थी। बृहस्पतिवार को दीक्षा बेटी के साथ इंदौर से मालवा एक्सप्रेस में अपनी कंफर्म बर्थों पर सवार हुई। रास्ते में टीटीई द्वारा पूछने पर उन्होंने टिकट दिखाया। मगर जांच के दौरान टीटीई ने बताया कि यह टिकट फर्जी है। महिला ने तुरंत मामले की जानकारी अपने पति को दी। इस पर वह हतप्रभ रह गए। हालांकि, ट्रेन में टीटीई ने मदद करते हुए रसीद बनाकर दूसरी बर्थ एलाट कर दी, इससे महिला परेशानी से बच गई।
दरअसल, विगत पांच जून को आरपीएफ ने उक्त ट्रेवल एजेंसी पर छापा मारा था। इस दौरान आरपीएफ ने अस्सी से अधिक ऐसे टिकट बरामद किए थे, जो संचालक ने आईआरसीटीसी से उपलब्ध कराए गए यूजर नेम की जगह व्यक्तिगत आईडी से बनाए थे। बाद में बरामद सभी टिकटों को आईआरसीटीसी के अधिकारियों को भेज दिए थे। चूंकि, यह टिकट गलत तरीके से बनाए गए थे, इस कारण सभी टिकटों को सीज्ड कर दिया गया। इस बात की जानकारी उन यात्रियों को नहीं दी गई, जिन्होंने वह टिकट बनवाए थे। अब जब यात्री यात्रा के लिए पहुंच रहे हैं, तब यह स्थितियां सामने आ रही हैं। मालूम हो कि, आरपीएफ अब तक एजेंसी संचालक को गिरफ्तार नहीं कर सकी है।