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चार हजार कार्डधारकों का राशन बंद, होगी रिकवरी

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झांसी। जिले में चार हजार राशन कार्ड धारक गलत तरीके से राशन का लाभ ले रहे हैं। इनमें कई तो ऐसे भी है जो मरने के बाद भी राशन ले रहे है। गरीबों के राशन पर डाका डालने वाले ऐसे लोगों पर पूर्ति विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग ने इनका राशन बंद कर दिया है। इन कार्डधारकोें से विभाग रिकवरी कराने की तैयारी में जुटा हुआ है। इसे लेकर कार्डधारको में हड़कंप मच रहा है।
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दरअसल, जिले में 45824 अंत्योदय कार्ड धारक और 338749 पात्र गृहस्थी कार्डधारक हैं। लॉकडाउन के दौरान शासन के निर्देश पर करीब 2600 प्रवासी मजदूरों के कार्ड बनाए गए थे। इसके साथ ही शासन ने पिछले दिनों अंत्योदय कार्डधारकों का सत्यापन कराने के निर्देश दिए थे। जिसके लिए ब्लॉक और निकाय स्तर पर करीब 19 टीमें बनाई गई थीं। सत्यापन के दौरान सामने आया कि कई अंत्योदय कार्डधारक ऐसे थे, जिनके मरने के बाद भी राशन लिया जा रहा था। साथ ही करीब 600 कार्डधारक ऐसे पाए गए जिनके पास आलीशान मकान, गाड़ियां और नौकरी थी। विभाग ने अंत्योदय कार्डधारक श्रेणी में करीब 1200 कार्डधारकों को अपात्र मानते हुए राशन बंद कर दिया। वहीं पात्र गृहस्थी कार्डधारकों के सत्यापन में भी कई पोल खुलीं। इस श्रेणी में कई सरकारी कर्मचारी तक राशन का लाभ लेते पाए गए। विभाग ने इस श्रेणी में करीब तीन हजार राशन कार्डधारकों का राशन बंद कर दिया है। इसके साथ ही कार्डधारकों से रिकवरी कराने की तैयारी हो रही है। विभाग ने सभी कार्डधारकों को नोटिस भेजा है। जिला पूर्ति अधिकारी तीर्थराज यादव ने बताया कि सत्यापन के दौरान अपात्र पाए गए कार्डधारकों का राशन बंद कर दिया गया है। इनसे रिक वरी कराने के लिए तैयारी की जा रही है।
खुद वापस कर गए राशन कार्ड
सत्यापन के दौरान अपात्र मिलने वालों का तो राशन कार्ड निरस्त कर दिया गया। वहीं सत्यापन को लेकर कार्डधारकों में हड़कंप मचा रहा। इसे लेकर जिला पूर्ति विभाग के दफ्तर पहुंचकर करीब 700 कार्डधारकों ने राशन कार्ड वापस कर दिया। इन कार्डधारकों के नाम भी पात्रता सूची से काट दिए गए हैं।
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