झांसी। बुंदेलखंड के 40 खनन माफियाओं का नेटवर्क पुलिस और प्रशासनिक मशीनरी में ढूंढा जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के झांसी और बांदा दौरे के बाद सक्रिय हुईं जांच एजेंसियों ने फिलहाल उन पुलिस वालों की सूची बनानी शुरू कर दी है जिनकी शिकायत खुद मुख्यमंत्री से कुछ जनप्रतिनिधियों ने की थी। योगी के सामने कुछ ऐसे पुलिस और प्रशासनिक अफसरों की रिपोर्ट भी रखी गई जो पिछले 10 सालों में यहां तैनात रहे हैं और आज कई बड़े शहरों में उनकी संपत्ति है। बताया जाता है कि विजिलेंस ने भी रिपोर्ट बनानी शुरू कर दी है।
बुंदेलखंड में बेखौफ खनन माफियाओं की शिकायतें पिछले काफी समय से शासन तक गूंज रही थीं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के तीन दिवसीय बुंदेलखंड दौरे की एक बड़ी वजह यह भी मानी जा रही है। योगी ने 7 और 8 दिसंबर को झांसी में रहकर पूरा फीडबैक लिया था। बताया जाता है कि जिस रात योगी झांसी में थे उस रात झांसी के ही 8 खनन माफियाओं के ठिकानों पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने संयुक्त रूप से दबिश दी थी। एसटीएफ की टीम भी बांदा, महोबा और हमीरपुर में नेटवर्क तलाश रही थी। समीक्षा बैठक में भी योगी आदित्यनाथ ने साफ कहा था कि अगर खनन हुआ तो अफसरों को सस्पेंड करेंगे। साथ ही नेटवर्क तलाशने के भी निर्देश दिए गए थे। मुख्यमंत्री की सख्ती के बाद एक्टिव एजेंसियों ने पड़ताल शुरू कर दी है। झांसी में 18, जालौन में 6 और ललितपुर के 2 खनन माफियाओं के साथ बांदा, हमीरपुर और महोबा के मिलाकर 40 माफियाओं के संबंध पुलिस और प्रशासनिक मशीनरी में भी तलाशे जा रहे हैं।
जो भी पुलिस वाला दोषी होगी सख्त कार्रवाई होगी
डीआईजी सुभाष चंद्र बघेल ने बताया कि खनन माफियाओं से अगर किसी पुलिस वाले के रिश्ते होंगे तो तत्काल कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में पड़ताल कराई जा रही है। झांसी, ललितपुर और जालौन में जांच के लिए अफसरों को निर्देश दे दिए गए हैं। जिन पुलिस वालों पर आरोप लगे हैं उनकी रिपोर्ट तैयार हो रही है।
जरूरी तथ्य...
- मुख्यमंत्री के झांसी पहुंचते ही 8 खनन माफियाओं के ठिकानों पर दी गई थी दबिश
- एसटीएफ के 12 लोगों की टीम बुंदेलखंड में डाले रही डेरा, खंगाला जा रहा था नेटवर्क
- बुंदेलखंड के 22 मोबाइल नंबर भी सर्विलांस पर लगा दिए गए हैं
- कई माफियाओं के पुलिस वालों के साथ अच्छे संबंध सामने आ रहे हैं
- पांच माफियाओं के बड़े सियासी संबंधों का भी खुलासा हो रहा है
- जांच के लिए डीआईजी को दी गई कुछ पुलिस वालों को भी सूची
हमीरपुर की तरह से ही झांसी में हो जांच
झांसी। गरौठा विधायक जवाहरलाल राजपूत ने मुख्यमंत्री से मिलकर झांसी में भी हमीरपुर की ही तरह खनन घोटाले की जांच की मांग की है। विधायक ने कहा कि पिछले वर्षों में मनमाने तरीके से पट्टों का आवंटन किया गया है। अवैध रूप से व्यापक पैमाने पर नदियों से बालू निकाली गई। उन्होंने पुलिस और प्रशासनिक अफसरों की भूमिका की भी जांच की मांग की। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि पूरे मामले की पड़ताल कराई जा रही है।