झांसी। शहर में बढ़ती आपराधिक घटनाओं के मद्देनजर अब लोग अपनी सुरक्षा के इंतजाम खुद करने लगे हैं। पिछले तीन महीने के दौरान मजबूत डिजिटल लॉक की बिक्री में जबर्दस्त इजाफा हुआ है। इसी के साथ घरों में सीसीटीवी और अत्याधुनिक हिडन कैमरे भी बडे़ पैमाने पर लगवाए जा रहे हैं। सुरक्षा गार्डों की भी डिमांड बढ़ी है।
पिछले तीन महीने के भीतर कुछ ऐसी बड़ी आपराधिक वारदातें हुई, जिनसे शहर के लोगों में बेहद दहशत है। सिविल लाइंस स्थित दवा व्यापारी के घर डकैती, सीपरी स्थित पंजाब नेशनल बैंक में डाका और वीरांगना नगर में पिता-पुत्री की हत्या जैसी घटनाओं से लोगों के दिल दहल गए। उन्हें अपनी सुरक्षा की चिंता सताने लगी। पुलिस से उनका भरोसा उठ गया और वे सुरक्षा के इंतजाम खुद करने लगे। अमर उजाला तह में गया तो पता लगा कि पिछले दो महीने में अत्याधुनिक मजबूत तालों और सीसीटीवी कैमरों की डिमांड में जबर्दस्त इजाफा हुआ है।
ऑन लाइन रखें घर पर नजर
-अब आप घर में लगे कैमरे को अपने मोबाइल और लैपटॉप से जोड़कर वहां हर वक्त नजर रख सकते हैं। इसके लिए कैमरे को वाईफाई से कनेक्ट करना होगा। साफ्टवेयर के जरिए पासवर्ड बना सकते हैं। तब इसके मोबाइल ऑन करके बंद घर के सीन देख सकते हैं। एक तरह से यह जीपीएस सिस्टम की तर्ज पर काम करेगा।
ऐसे-ऐसे कैमरे
-कई तरह के सीसीटीवी कैमरे मौजूद हैं। 1 से 24 मेगा पिक्सल तक के कैमरे के साथ जूमिंग की भी सुविधा है। इसे घर में फिट करवा लीजिए और फिर हर आनेजाने वाले पर नजर रखिये।
- चार कैमरे सहित रिकॉर्डिंग के लिए डीवीआर की कीमत 15 से 18 हजार तक है। इसके अलावा ऐसे भी कैमरे उपलब्ध हैं जिनमें चिप लगाकर रिकार्डिंग की जा सकती है। यह सभी कैमरे नाइट विजन तकनीक से युक्त180 डिग्री तक घूमने की खूबी रखते हैं। माइक लगवा लेंगे तो आवाज भी रिकार्ड हो जाएगी।
ताले हैं निराले
-अब डिंपल की-लॉक (इसमें कंप्यूटर के जरिए चाभी के खांचे बनाए जाते हैं जिनकी डुप्लीकेट चाभी बनना संभव नहीं है) उपलब्ध हैं। इनकी कीमत है पांच सौ से दो हजार तक है।
- स्मार्ट ताले भी हैं। इन्हें फिंगर प्रिंट, स्वैप कार्ड, पासवर्ड और चाभी के जरिए ही खोला जा सकता है। इन तालों में सेटिंग के विकल्प हैं। आप चाहें तो ताले को घंटों के हिसाब से सेट कर दें। तब यह ताला उसने घंटे किसी भी कीमत पर नहीं खोला जा सकता। उदाहरण के लिए यदि आप चाहते हैं कि ताला रात 10 से सुबह 5 बजे नहीं खुले तो आप इसे उतने समय के लिए सेट कर दें। तब यह चाभी , फिंगर प्रिंट, स्वैप कार्ड और पासवर्ड से भी नहीं खुलेगा। कीमत है 15 से 20 हजार तक।
सुरक्षा गार्ड
शहर में कई एजेंसियां काम कर रही हैं जो घर और कालोनियों की सुरक्षा के लिए सुरक्षा गार्ड मुहैया कराती हैं। पांच से आठ हजार में डंडे से लैस गार्ड और आठ से 12 हजार में बंदूक से लैस गार्ड आठ घंटे के लिए मासिक वेतन पर उपलब्ध हैं।
ध्यान दें
- नौकर, ड्राइवर और सफाई कर्मचारी, रसोइया को ड्यूटी पर रखने से पहले उसके बारे में जानकारी जरूर कर लें। पुलिस को अर्जी देकर इनका वैरीफिकेशन करवाया जा सकता है।
-घर में बुजुर्गों को अकेले नहीं छोड़ें। यदि मजबूरी है तो उनसे संपर्क बनाए रखें। थोड़ी-थोड़ी देर में उनके बातचीत करते रहें। आसपड़ोस के लोगों के मोबाइल नंबर भी अपने पास रखें ताकि जरूरत पर उनसे अपने घर के बारे में जानकारी ले सकते हैं।
-यदि आप अपने बच्चे को रिक्शा, आटो या अन्य वाहनों के जरिए स्कूल भेजते हैं तो उसके ड्राइवर के बारे में जानकारी जरूर कर लें। उसका नाम, पता और ठिकाना जान लें।
- नजदीकी पुलिस स्टेशन, फायर बिग्रेड, बिजली विभाग और अन्य जरूरी सरकारी विभागों के टेलीफोन नंबर अपने मोबाइल पर सेव कर लें।
कंप्यूटराइज्ड की-लॉक की डिमांड
पिछले तीन महीने में कंप्यूटराइज्ड की-लॉक की डिमांड में जबर्दस्त इजाफा हुआ है। अब सामान्य तालों का युुग लगभग खत्म हो गया है। लोग ऐसा ताला चाहते हैं जो टूट न सके। होटलों में स्मार्ट की-लॉक बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किए जा रहे हैं। अब बाजार में ऐसे ताले उपलब्ध हैं जिन्हें तोड़ना आसान नहीं है।
अविनाश अग्रवाल
ताला कारोबारी
सीसीटीवी कैमरे की बिक्री दोगुना बढ़ी
पिछले दो महीने में सीसीटीवी कैमरे की डिमांड दोगुना से अधिक बढ़ गई है। खरीददार आपराधिक घटनाओं का जिक्र भी करते हैं। वे अब सुरक्षा पर पैसा खर्च करने से नहीं हिचकते। किसी भी कीमत पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम चाहते हैं। इसी तरह सुरक्षा गार्डों की मांग भी तेजी से बढ़ी है।
संजय पटवारी
सीसीटीवी कैमरा कारोबारी एवं प्रबंधक सुरक्षा एजेंसी