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हर साल 30 करोड़ का खर्च, सड़क पर भटक रहे 25 हजार गोवंश

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हर साल 30 करोड़ का खर्च, सड़क पर भटक रहे 25 हजार गोवंश
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झांसी। बुंदेलखंड में अन्ना पशुओं से खासतौर से निपटने को योगी सरकार ने करोड़ों रुपये खर्च करके गोशालाएं बनवाईं, लेकिन गर्मियों में इन पशुओं को वहां से खदेड़ा जा चुका है। इन गोशालाओं में गोवंशों की देखभाल एवं भोजन-पानी में हर माह करीब सवा दो करोड़ रुपये खर्च होते हैं। इसके बावजूद गोवंश भूख-प्यास से तड़पकर सड़कों पर भटक रहे हैं।
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक झांसी में अस्थाई एवं स्थाई कुल 250 एवं ललितपुर में 38 गो आश्रय स्थल बनवाए गए। झांसी में करीब 35 हजार गोवंश रखने की व्यवस्था है। बंगरा, बामौर, मोंठ, मऊरानीपुर में बड़ी गोशालाएं हैं। 1200 गोवंश की क्षमता वाली गोशालाएं इन दिनों वीरान पड़ी हैं। गिनी-चुनी गोशालाओं में नाममात्र के गोवंश हैं। तमाम गोवंश चिलचिलाती गर्मी में सड़कों पर हांक दिए गए हैं। बुंदेलखंड में औसत तापमान करीब 43-45 डिग्री सेल्सियस के करीब है। इस भीषण गर्मी में बाहर हांके गए गोवंशों को न खाना मिल रहा, न पानी। ऐसे में गोवंश भूख और प्यास से तड़प रहे हैं। तमाम गोवंशों की भूख-प्यास से सड़क पर दम तोड़ चुके हैं। शिकायत पहुंचने के बाद भी पशुपालन विभाग के अफसर ग्राम पंचायतों का मामला बताकर सीधे पल्ला झाड़ रहे हैं जबकि इनके रखरखाव के लिए सरकार हर महीने करीब सवा दो करोड़ रुपये खर्च कर रही है। इस पैसे की निकासी भी प्रत्येक माह लगातार हो रही लेकिन, इन दिनों फसली सीजन न होने से गोशालाएं खाली करा दी गईं। गोवंश चिलचिलाती धूप में बाहर भटकने को मजबूर हैं। जनपद में रखे गए कुल 27590 पशुओं में 25 हजार से अधिक गोवंश सड़कों पर बताए जा रहे हैं।
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कागजों पर आवंटित हो रहा भूसा
सरकार हर माह भूसा एवं गोवंश के रखरखाव के लिए गोशालाओं को बजट आवंटित करती है। झांसी में गोवंशों के भोजन-पानी के लिए 188 एवं ललितपुर में 38 भूसा बैंक बनाए गए। आंकड़ों की मानें पशुओं के भूसे के लिए झांसी में 54840 क्ंिवटल एवं ललितपुर में 8350 क्विंटल भूसा खरीद हुई। प्रतिदिन के लिहाज से इसका आवंटन सिर्फ कागजों में ही हो रहा है। हकीकत में गोवंश भोजन के अभाव में सड़कों पर भटक रहे हैं। वहीं, मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डा.योगेंद्र सिंह तोमर का कहना है कि इनका रखरखाव का जिम्मा ग्राम पंचायतों का है। शिकायत मिलने पर गोशालाओं की व्यवस्था दुरुस्त कराई जाएगी।
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आंकड़ों पर एक नजर
झांसी
गोशाला-250
गोवंशों की क्षमता - 27590
प्रति माह खर्च होने वाली रकम- 2.21 करोड़
भूसा बैंक- 188
उपलब्ध कराया गया भूसा- 54840 क्विंटल
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ललितपुर
गोशाला- 38
गोवंशों की क्षमता- 17856
प्रति माह खर्च होने वाली रकम- 1.76 करोड़
भूसा बैंक- 38
उपलब्ध कराया गया भूसा- 8350 क्विंटल
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