लोकसभा चुनाव के दौरान प्रत्याशी जो भी सामान खरीदेंगे, उनको निर्वाचन के लिए खोले गए खाते के चेक से भुगतान करना होगा। जो भी खरीदें उसका बिल जरूर ले लें, ताकि आय व्यय के मिलान में प्रशासन को परेशानी न हो।
चुनाव के दौरान बिना अनुमति वाहन पर झंडा लगा पाया जाता है तो वाहन व्यय पार्टी अथवा उम्मीदवार के चुनाव खर्च में जोड़ा जाएगा। साथ ही प्रत्याशी को मंच निर्माण, हैलीपैड निर्माण, विद्युत व्यवस्था के साथ ही ट्रैक्टर ट्राली, वाटर टैंकर, जीप गुड कंडीशन, ट्रक के साथ बाल्टी, कनात, मजदूर आदि के प्रतिदिन के खर्च की जानकारी देनी होगी। बृहस्पतिवार को जिला निर्वाचन अधिकारी शिव सहाय अवस्थी ने यह जानकारी गांधी सभागार में आयोजित बैठक में विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को दी।
उन्होंने सोशल मीडिया, प्रिंट व इलेक्ट्रानिक मीडिया के माध्यम से होने वाले प्रचार- प्रसार की दरों के बारे में बताया। विभिन्न साइजों के होर्डिंग, बैनर एवं पंपलेट के निर्धारित दरों को खर्चे में जोड़ा जाएगा। निर्धारित दरों के हिसाब से ही खरीद होनी चाहिए। निर्धारित दरें ही आयव्यय में जोड़ी जाएंगी। दरों को लेकर कोई आपत्ति हो तो 15 मार्च तक उसे कोषागार में दे सकते हैं। इस मौके पर अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) बी राम, अपर जिलाधिकारी (राजस्व) नगेंद्र शर्मा, सीटीओ दीपांकर शुक्ला मौजूद रहे।
वाट्स एप और एसएमएस पर रहेगी नजर
झांसी। लोकसभा चुनाव में वाट्स एप व एसएमएस के माध्यम से प्रचार प्रसार पर भी कमेटी की नजर रहेगी। प्रचार प्रसार पर होने वाले व्यय को पार्टी अथवा प्रत्याशी के खर्च में जोड़ा जाएगा।
बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट स्थित चैंबर में मीडिया प्रमाणन और अनुवीक्षण समिति के अध्यक्ष एवं अवर जिलाधिकारी (राजस्व) नगेंद्र शर्मा ने समिति के सदस्यों के बीच यह बात कही। उन्होेंने कहा कि पेड न्यूज के निर्धारित मामलों के समर्थक दस्तावेज की कटिंग या क्लिपिंग, संबंधित टीवी और एफएम रेडियो, विज्ञापन सहित रिकार्डिंग की जानकारी 24 घंटे के अंदर प्रेक्षक को देनी होगी। बैठक में प्रभारी सूचना अधिकारी धर्मेंद्र कुमार, सहायक अभियंता आकाशवाणी हरस्वरूप यादव, पत्रकार मोहन नेपाली, आकाश रंजन, राकेश कुमार खरे मौजूद रहे।