EID namaj will be tradition for online
झांसी। रमजान के बाद अब ईद भी लॉकडाउान के बीच मनेगी। ऐसे में महानगर के उलमा एक अच्छी पहल लेकर सामने आए हैं। उलमा फेसबुक व ऑनलाइन तरीके से लोगों को ईद की नमाज पढ़ाने की तैयारी में मदद कर रहा है, ताकि घर पर बैठे ही नमाज अदा की जाए। दारुल उलूम देवबंद नेे भी घरों में नमाज अदा करने के लिए फतवा जारी हुआ है।
मुफ्ती साबिर कासमी ने बताया कि रमजान के बाद अब ईद की नमाज भी घर में ही अदा करनी होगी। ईद की नमाज का तरीका बाकी नमाजों से अलग होता है। उन्होंने बताया कि चूंकि ईद की नमाज सिर्फ ईद और बकरीद में ही पढ़ी जाती है, इसीलिए अकसर लोगों को इसे याद करने का मुकम्मल तरीका याद नहीं रहता। उन्होंने बताया कि ईद आगामी 25 मई को होने की संभावना है। मरकजी रूहयते-हिलाल कमेटी के महासचिव मौलाना फखरुद्दीन कासमी ने बताया कि बताया कि फेसबुक के पेज से ईद की नमाज पढ़ाने का तरीका लगातार बताया जाएगा, ताकि ंलोगों को याद हो जाए। उसमें यह बताया जाएगा कि घर पर ईद की नमाज कैसे अदा करें। यह सिलसिला ईद की नमाज तक चलेगा। इसके लिए ज्यादा से ज्यादा सं या में मुस्लिम लोगों को वेब पेज को लिंक भेजा जाएगा। हर हाल में लोग घरों से ही ईद की नमाज अदा करें। दारुल उलूम देवबंद ने भी घरों में नमाज अदा करने के लिए भी फतवा जारी किया है।
खुतबा सुनना होता है जरूरी
ईद की नमाज से पहले और बाद में पढ़ा जाने वाला खुतबा सुनना जरूरी होता है। चूंकि, अकसर लोगों को खुुतबे के बारे में जानकारी नहीं होती है, इसीलिए इसे भी वेब पेज के जरिए बताया जाएगा, ताकि नमाज भी हो जाए और खुतबा भी। इससे व्यक्ति को इस बात की संतुष्टि भी रहेगी कि उसने ईद की नमाज अदा कर ली है।
सुबह 5.42 बजे से शुरू होगा नमाज का वक्त
मुफ्ती मोह मद साबिर कासमी ने बताया कि ईद की नमाज का वक्त सुबह 5.42 बजे से शुरू होकर दोपहर 12.10 बजे तक रहेगा। ऐसे में लॉकडाउन का पालन कर अपने-अपने घरों पर ईद की नमाज अदा करें। सोशल डिंटेसिंग का पूरा पालन करें। ईद की शॉॅपिंग से दूर रहेंगे। गरीब व असहाय लोगों की मदद कर उनके साथ ईद मनाएं।