अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। कर्ज से दबे शिवपुरी (मध्य प्रदेश) निवासी देवेंद्र सिंह (46) ने जहर निगलकर जान दे दी। वह मशीनरी संचालक थे। परिजनों को उनके कमरे से सुसाइड नोट मिला है। इसे उन्होंने पुलिस को दिया है। पुलिस आगे मामले की जांच कर रही है।
खनियाधाना थाना क्षेत्र के बामाैर गांव निवासी देवेंद्र सिंह (46) पुत्र सिरनाम एलएंडटी मशीन का संचालन करते थे। पत्नी अनुराधा सिंह के मुताबिक, पति देवेंद्र ने कुछ साल पहले मशीन फाइनेंस कराई थी। इसे चलाने के लिए एक ठेकेदार को किराये पर दिया था, लेकिन ठेकेदार किराया नहीं दे रहा था। इससे देवेंद्र परेशान रहने लगे। कई बार तगादा के बाद भी पैसा नहीं दिया। दो दिन पहले देवेंद्र ग्वालियर से गांव आए। मंगलवार शाम अपने कमरे में जहर निगल लिया।
परिजन अचेत हाल में उनको लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। उनको इमरजेंसी में भर्ती कर लिया गया। आज सुबह उनकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस भी पहुंच गई। परिजनों ने पुलिस को उनका लिखा सुसाइड नोट सौंपा है।
जांच के लिए फॉरेंसिक विभाग को भेजा जाएगा सुसाइड नोट
देवेंद्र के भांजे साकेंद्र सिंह का कहना है कि उसके मामा ने जहर निगलने से पहले सुसाइड नोट लिखा था। खनियाधाना थाना प्रभारी के नाम लिखे इस सुसाइड नोट में लिखा था कि मेरे पास अब कुछ नहीं बचा। बच्चों को सरकार के हाथ छोड़कर जा रहा हूं। इस पत्र में मशीन के हिसाब का भी ब्यौरा लिखा था। इसके मुताबिक, उन्होंने 2400 रुपये घंटे की दर से मशीन किराये पर दी थी। अब तक 52.80 लाख रुपये बकाया हो चुका है। इस वजह से वह किस्त नहीं चुका पा रहा था। नवाबाद थाना प्रभारी संतोष अवस्थी का कहना है कि सुसाइड नोट की फॉरेंसिक विभाग से जांच कराई जाएगी। आगे की कार्रवाई खनियाधाना से होगी।