दरोगा से हाथापाई कर वर्दी फाड़ने व गोली मारने की धमकी देने वाला सपा पार्षद व उसके साथी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। खाकी से हुई बदसलूकी पर पुलिस कर्मियों में आक्रोश है। सोमवार को पुलिस टीमों ने आरोपी के घर छापेमारी के दौरान तोड़फोड़ कर गुस्सा निकाला।
उल्लेखनीय है कि कोतवाली की मिनर्वा पुलिस चौकी इंचार्ज वीरेंद्र सिंह शनिवार रात ड्यूटी के दौरान नई बस्ती स्थित जैन चौराहा पर संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। तभी सपा का झंडा व नंबर प्लेट की जगह पार्षद लिखी सफारी गाड़ी को उन्होंने रुकवा लिया। गाड़ी रुकते ही सपा पार्षद वीरू कुशवाहा निवासी नई बस्ती तीन साथियों के साथ राइफल व अन्य असलाह लेकर उतरे। पार्षद ने गाड़ी से उतरते ही दरोगा को साथियों के साथ अपशब्द कहने शुरू कर दिया। दरोगा के विरोध करने पर मारपीट कर वर्दी पर लगे बिल्ले नोचकर फेंक दिए। इसके बाद दरोगा के सीने पर राइफल सटा कर गोली मारने की धमकी दी और भाग निकले। इस घटना की सूचना से पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। दरोगा द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद से पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है। सीओ सिटी कल्याण सिंह ने आरोपी पार्षद व साथियों की तलाश में तीन टीमें गठित कर दी हैं। इसके अलावा भी कोतवाली थाने की पुलिस आरोपी को तलाश रही है, मगर सोमवार की रात तक आरोपियों का सुराग नहीं लगा है। आरोपी पार्षद के खास दोस्तों, परिचितों व रिश्तेदारों को पूछताछ के लिए पुलिस ने हिरासत में लिया है। पार्षद के घर पर छापेमारी के दौरान कोई नहीं मिलने पर पुलिस ने फ्रिज, कूलर, कुर्सियां आदि तोड़कर गुस्सा निकाला।
दरोगा से बदसलूकी, बैच व स्टार नोचकर फेंकने और जान से मारने की धमकी देने वाले के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। किसी भी सूरत में आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
- किरण एस, एसएसपी
सिपाहियों की भूमिका जांच के घेरे में
दरोगा के साथ दो सिपाही भी ड्यूटी पर तैनात थे, जो पूरे घटनाक्रम के समय सरकारी जीप में बैठे रहे। बताते हैं कि शोरशराबा सुनने पर जब तक वह जीप से बाहर आए तब तक आरोपी भाग गए। पुलिस अधिकारी जांच कर रहे हैं कि आखिर क्यों और किस वजह से सिपाहियों ने आरोपियों को भागने दिया।