विभाग के अधिकारी पर उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए खुद को आग लगाने वाले सिंचाई विभाग के कर्मचारी की चार दिन बाद सोमवार को मेडिकल कालेज में मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
सिंचाई विभाग की अनुसंधान एवं नियोजन शाखा कार्यालय में कार्यरत चपरासी रतन लाल रायकवार ने बृहस्पतिवार को शरीर पर पेट्रोल डालकर आत्मदाह का प्रयास किया था। उसने विभाग के अधीक्षण अभियंता पर उत्पीड़न का आरोप लगाया था। हालांकि, अधीक्षण अभियंता हेमंत कुमार गुप्ता ने आरोपों को सिरे से नकार दिया था। चार दिन तक चले उपचार के बाद सोमवार को उसकी मौत हो गई। इस मामले में नवाबाद पुलिस का कहना है कि अब तक कोई तहरीर नहीं आई है, जिससे मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है।