केंद्र सरकार द्वारा एक हजार और पांच सौ रुपये के नोट को अमान्य करने के विरोध में विपक्षी दलों ने सोमवार को भारत बंद का आह्वान किया है। महानगर के व्यापारी संगठनों के नेताओं ने उनके आह्वान को ठेंगा दिखाते हुए बाजार बंद करने से साफ इनकार कर दिया है। उनका कहना है कि बाजार सामान्य दिनों की तरह सोमवार को खुले रहेंगे। कोई नेता जबरन बाजार बंद कराने आता है तो उनका डटकर विरोध किया जाएगा।
राजनैतिक निर्णय है इसलिए व्यापारी अपने प्रतिष्ठान खुले रखेंगे। कोई भी यदि जबरन बाजार बंद करने की कोशिश करेगा उसे बाजार में नहीं घुसने दिया जाएगा। व्यापारियों को परेशानी नहीं आने दी जाएगी।
संजय पटवारी, अध्यक्ष उप्र उद्योग व्यापार मंडल
भारत बंद का विरोध किया जाएगा और कोशिश रहेगी कि एक दो घंटे ज्यादा दुकानें खोली जाएं। इस संबंध में व्यापार मंडल की बैठक नहीं हुई है, लेकिन अधिकतर व्यापारी इस निर्णय से सहमत हैं।
विजय गुप्ता, महामंत्री छावनी परिषद व्यापार मंडल
जिसको समस्या हो वह बंद का समर्थन करेगा। बाजार पूरी तरह से खुला रहेगा। कोई जबरन बाजार बंद करवाने की कोशिश करेगा उसका विरोध किया जाएगा। बंद के समर्थक सिर्र्फ अपील कर सकते हैं। बंद करना न करना व्यापारी का काम है।
राधे राय, अध्यक्ष बड़ा बाजार व्यापार मंडल
सभी व्यापारी बंद के खिलाफ एकजुट हैं। बाजार सामान्य दिनों की तरह खुला रहेगा। जबरन बाजार बंद कराने की कोशिश करने वालों को उनकी ही भाषा में जवाब देने के लिए व्यापारी तैयार हैं।
अतुल जैन, अध्यक्ष मानिक चौक व्यापार मंडल
भारत बंद के न ही समर्थन में हैं और न ही विरोध में हैं। व्यापारियों पर बाजार बंद करवाने के लिए कोई दबाव नहीं बना सकता हैै। यदि कोई जबरन दुकानें बंद कराएगा तो व्यापारी उसका डटकर विरोध करेंगे।
विजय जैन, अध्यक्ष सुभाष गंज व्यापार मंडल
सीपरी बाजार की साप्ताहिक बंदी सोमवार को होती है। सहालग होने के कारण बंदी में भी साठ से सत्तर फीसदी बाजार खुलता है। व्यापारी स्वतंत्र हैं कि दुकान खोलनी है या बंद करनी है। कोई भी जबरन बाजार बंद नहीं करा पाएगा।
संतोष साहू, अध्यक्ष सीपरी बाजार व्यापार मंडल