झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में पांच फरवरी को होने वाले दीक्षांत समारोह में एक स्वर्ण सहित 33 कुलाधिपति पदक बांटे जाएंगे। इसके अलावा 49 शोध उपाधियां बंटेंगी। कोविड प्रोटोकॉल के कारण इस बार समारोह गांधी ऑडिटोरियम में हो रहा है। सभागार में 250 अतिथियों, शिक्षकों, पदक प्राप्तकर्ताओं आदि के बैठने की व्यवस्था की गई है। बुधवार को पत्रकार वार्ता में यह जानकारी कुलपति प्रो. जेवी वैशम्पायन ने दी।
उन्होंने बताया कि शुक्रवार को बीयू का 25वां दीक्षांत समारोह है। किसी भी विश्वविद्यालय में दीक्षांत समारोह का आयोजन यूनिवर्सिटी और उसमें अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए विशेष अवसर होता है, क्योंकि इस समारोह में छात्र उपाधि प्राप्त कर अपने-अपने कर्म क्षेत्र में प्रवेश करते हैं। यह विश्वविद्यालय के साथ उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए भी गौरव का क्षण होता है। इस बार दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि बीयू के पूर्व कुलपति और अंतर विश्वविद्यालय त्वरक केंद्र के निदेशक प्रो. अविनाश चंद्र पांडेय होंगे। कुलाधिपति/राज्यपाल आनंदी बेन पटेल समारोह की अध्यक्षता करेंगी। समारोह में 49 शोध उपाधियों में से कृषि संकाय में दो, कला संकाय में 23, वाणिज्य संकाय में 10, विधि संकाय में एक, विज्ञान संकाय में 13 उपाधियां दी जाएंगी। शोध उपाधि प्राप्तकर्ताओं में 24 महिला और 25 पुरुष अभ्यर्थी हैं। विश्वविद्यालय परिसर में चल रहे पाठ्यक्रमों में 7724 छात्र और 1565 छात्र स्नातक की उपाधि प्राप्त करेंगे। वहीं, परास्नातक की उपाधि 324 छात्राओं, 367 छात्रों को दी जाएगी। बीयू से संबद्ध महाविद्यालयों के स्नातक उपाधि प्राप्तकर्ता 32917 विद्यार्थियों में 20319 छात्राएं, 12598 छात्र हैं। जबकि, 5770 छात्राएं, 2950 छात्रा परास्नातक की उपाधि प्राप्त करेंगे। बैठक में वित्त नियंत्रक एके दीक्षित, कुलसचिव नारायण प्रसाद, परीक्षा नियंत्रक अजय कृष्ण यादव, प्रो. प्रतीक अग्रवाल, प्रो. आरके सैनी व प्रो. एसपी सिंह मौजूद रहे।
मेडल और पास होने में छात्राएं अव्वल
कुलपति ने बताया कि इस बाद दो तिहाई छात्राओं और एक तिहाई छात्रों को कुलाधिपति पदक मिलेंगे। इसके अलावा पास होने के मामले में भी छात्राएं छात्रों से काफी आगे हैं। यह दर्शाता है कि छात्राएं उच्च शिक्षा ग्रहण करने में काफी मेहनत कर रही हैं।