झांसी। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद बीएस-4 मानक वाहनों का पंजीकरण 31 मार्च के बाद नहीं हो सकेगा। आदेश के बाद नए वाहन खरीदने वाले लोग बढ़ी संख्या में परिवहन विभाग में पंजीकरण के लिए आवेदन कर रहे हैं। परिवहन विभाग में रोज 100 से 125 वाहनों का पंजीकरण हो रहा है। जबकि आम दिनों में यह संख्या 70 तक सीमित रहती थी।
सुप्रीम कोर्ट ने बीते दिनों बीएस-4 मानक वाहनों का पंजीकरण 31 मार्च तक करने के निर्देश दिए थे। निर्देश आने के बाद वाहन विक्रेताओं हड़कंप मच गया। इसे लेकर वाहन निर्माता कंपनियों ने वाहन खरीद पर छूट की घोषणा कर दी है। कई कंपनियां वाहनों की खरीद पर सात हजार से लेकर तीन लाख रुपये तक की छूट दे रही हैं। इसे लेकर वाहनों की बिक्री में इजाफा हो गया है। वहीं परिवहन विभाग में पंजीकरण के लिए आवेदन बढ़ गए हैं। परिवहन विभाग में रोज 100 से 125 वाहनों के पंजीकरण आवेदन आ रहे हैं। इसे लेकर परिवहन विभाग ने निर्देश भी जारी किए हैं। एआरटीओ सत्येंद्र कुमार ने बताया कि जिन वाहन चालकों ने बीएस-4 वाहनों की खरीद की है, वे 31 मार्च से पहले पंजीकरण करा लें। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार पंजीकरण नहीं हो सकेगा।
वाहन डीलर करा रहे पंजीकरण
वाहन विक्रेताओं ने बीएस-4 वाहनों का स्टॉक खपाने के लिए नया फंडा अपनाया है। वाहन विक्रेता अपने स्तर से लोगों के वाहनों का पंजीकरण करा ले रहे हैं। ताकि 31 मार्च के बाद भी वाहन की बिक्री की जा सके। वाहन का पंजीकरण होने के बाद जो वाहन खरीदेगा, उसके नाम पर ट्रांसफर करा दिया जाएगा। इसके लिए ग्राहकों को छूट भी दी जा रही है।
छह मार्च को होगी बैठक
परिवहन विभाग ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश को लेकर वाहन विक्रेताओं की बैठक बुलाई है। छह फरवरी को कार्यालय में होने वाली बैठक में डीलरों के साथ नए आदेश को लेकर चर्चा की जाएगी।