Be careful on the highway, people have made illegal cuts by breaking the divider
झांसी। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की नजरों से देखें तो झांसी से उरई तक के सड़क (एनएच-25) तक पर सिर्फ 59 जगह ही डिवाइडर के कट हैं। लेकिन, हकीकत इससे एकदम इतर है। लोगों ने अपनी आवागमन की सहूलियत के लिहाज से जगह-जगह डिवाइडर काट दिए हैं। डिवाइडर के यही कट अक्सर दुर्घटना का सबब बनकर सामने आते हैं। बृहस्पतिवार को हुई भीषण सड़क दुर्घटना की वजह इसी तरह का एक कट बना।
झांसी-कानपुर फोरलेन बाईपास पर बृहस्पतिवार की दोपहर दो ट्रकों की टक्कर हो गई थी, जिसमें दोनों ट्रकों के चालकों की मौत हो गई थी। डिवाइडर के कट से निकलकर एक कार के अचानक सामने आ जाने से ये हादसा हुआ था। हादसे को आमंत्रण देते डिवाइडर के ये कट जगह-जगह बने हुए हैं। इनमें से 59 कट सड़क के इस पार से उस पार जाने के लिए एनएचएआई की ओर से छोड़े गए हैं। इसके अलावा आबादी के बीच से होती हुई जहां-जहां से सड़क गुजरी है, वहां लोगों ने अपनी सहूलियत के हिसाब से डिवाइडर काट दिए हैं। कहीं-कहीं तो सड़क के लगातार ऊंचे होने की वजह से डिवाइडर और सड़क की सतह में मामूली ही अंतर रह गया है, जिस से आसानी से वाहन गुजर जाते हैं। हाईवे पर रफ्तार से दौड़ते वाहन के आगे अचानक डिवाइडर के बीच से किसी गाड़ी के आने पर दुर्घटना हो जाती है। बावजूद, इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
हाईवे पर अवैध रूप से बनाए गए कट बंद कराए जाएंगे। इसके अलावा एनएचएआई द्वारा बनाए गए 59 कटों की भी जांच कराई जाएगी। अगर ये हादसे का कारण बन रहे हैं, तो मुख्यालय की अनुमति से इन्हें भी बंद कराया जाएगा। इसके अलावा सर्वे के बाद आवश्यकतानुसार जेब्रा क्रॉसिंग व रंबल स्ट्रीप भी बनाए जाएंगे।
- राजीव पाठक, परियोजना प्रबंधक - एनएचएआई