संवाद न्यूज एजेंसी
चिरगांव। राज मार्ग 42 पर ग्राम लुहरगांव से बरौल की ओर जाने वाले संपर्क मार्ग की हालत बहुत खराब है। सड़क के पूरी तरह से उखड़ की वजह से वाहन सवारों को आवागमन में भारी दिक्कत का सामना करना पड़ता है। बारिश में जल भराव हो जाने पर समस्या और भी बढ़ जाती है। ग्रामीण कई बार इसकी शिकायत जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों से कर चुके हैं, लेकिन अब तक नतीजा सिफर ही रहा है।
चिरगांव से गुरसराय की ओर जाने बाले राज मार्ग पर बेतवा नदी किनारे बसे ग्राम लुहरगांव से भटपुरा-बरौल के लिए संपर्क मार्ग बना हुआ है। चार किलोमीटर लंबे संपर्क मार्ग से कई गांवों के लोगों का आवागमन होता है। लेकिन, सड़क ऊबड़-खाबड़ होने की वजह से लोगों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ती है। ग्राम प्रधान बरौल यदुवीर सिंह ने बताया कि इसकी शिकायत वे क्षेत्रीय सांसद, विधायक के साथ ही मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी कर चुके हैं। लेकिन, आज तक इस सड़क की दशा नहीं सुधरी है। वहीं, गांव के विपिन यादव का कहना है कि सड़क खराब होने से सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों को हो रही है। आठवीं कक्षा तक की शिक्षा गांव में ग्रहण करने के बाद आगे की पढ़ाई के लिए बच्चों को चिरगांव जाना पड़ता है, परंतु रास्ता खराब होने की वजह से बच्चों का आवागमन मुश्किल बना हुआ है। सड़क खराब होने की वजह से कई लोग बच्चों को पढ़ाने के लिए चिरगांव में ही कमरे किराए पर लेकर रहने लगे हैं। इसके अलावा हिम्मत सिंह, मिथलेश पाल, कमल रायकवार व बहादुर अहिरवार ने कहा कि बारिश के दिनों में यदि कोई बीमार हो जाए तो गांव तक एंबुलेंस पहुंचने में खासी परेशानी होती है। कई बार तो समय पर इलाज न मिलने के कारण मरीज की जान पर तक बन आती है। वहीं, गांव में शादी या तेरहवीं का कार्यक्रम होने पर लोग बाहर से आने में कतराते हैं।