अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। जिला प्रशासन ने जनपद के 50 और गांवों में बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को हुए नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है। जबकि, इससे पहले 145 गांवों में क्षति सामने आ चुकी है। इन गांवों में मुआवजा देने का भी काम शुरू कर दिया गया है।
पिछले सप्ताह शनिवार को हुई बारिश और ओलावृष्टि से जनपद के कई इलाकों में रबी की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा था। इसके बाद राजस्व विभाग, कृषि विभाग और बीमा कंपनी की संयुक्त टीमों द्वारा किए गए सर्वे में झांसी सदर, मोंठ व मऊरानीपुर तहसील के 145 गांवों में 33 प्रतिशत से अधिक नुकसान पाया था। इन गांवों में 50,927 हेक्टेअर लगीं 83 करोड़ रुपये की फसल खराब हुई थी। इसके बाद मुआवजा देने का काम शुरू कर दिया गया था। लेकिन, इन गांवों के अलावा अन्य गांवों के किसान भी फसल खराब होने की शिकायत लेकर तहसील और जिला मुख्यालय पर पहुंच रहे हैं। इसे ध्यान में रखते हुए अब 50 गांवों में और सर्वे का काम शुरू कर दिया गया है। एक-दो दिन के भीतर इन गांवों की रिपोर्ट तैयार कर ली जाएगी।
000000
फोटो
शासन और प्रशासन का रुख किसानों के प्रति बेहद संवेदनशील है, जिसके चलते अब पचास अन्य गांवों में फसलों का सर्वे शुरू कर दिया गया है। 33 फीसदी से अधिक नुकसान पाए जाने पर इन गांवों में किसानों को नियमानुसार मुआवजा उपलब्ध कराया जाएगा। - वरुण कुमार पांडेय, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व)