जरूरतमंद बच्चों को नि:शुल्क शिक्षा दिलाने के लिए साइकिल यात्रा पर निकले गगन खोसला ने अमर उजाला से खास बातचीत की। 21 सितंबर को लेह यात्रा प्रारंभ करने वाले गगन सोमवार को झांसी पहुंचे। कन्याकुमारी में 19 अक्तूबर को पहुंचने का लक्ष्य है। दिल्ली निवासी गगन चार्टड एकाउंटेंट पद से रिटायर्ड हैं।
62 वर्षीय साइकिल यात्री गगन ने बताया कि यात्रा का उद्देश्य मेधावी बच्चों को छात्रवृत्ति के लिए धन एकत्र करना है। ग्वालियर के सिंधिया स्कूल से 1974 में पास आउट गगन सिंधिया स्कूल के छात्र रहे लोगों से ही मदद मांग रहे हैं। जिससे सिंधिया कालेज में पढ़ रहे गरीब बच्चों को मुफ्त शिक्षा मिल सके।
वह पर्यावरण के प्रति भी लोगों को जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि ओलंपिक में भारत के खाते में एक या दो मेडल ही आते हैं। यात्रा के माध्यम से स्पोर्ट्स के प्रति युवाओं को जागरूक करेंगे। बचपन से ही स्पोर्टस में रुचि रखने वाले गगन कई देशों में साइकिल यात्रा कर चुके हैं। उन्होंने थाइलैंड की राजधानी बैंकाक से 700 किलोमीटर दूर फुकेट शहर की यात्रा लगभग पांच दिनों में पूरी की थी। इसके अलावा वह राजस्थान में होने वाली रेस डेजर्ट 500 में चौबीस घंटे में पांच सौ किलोमीटर साइकिल चला चुके हैं।
उन्होंने कहा कि रिटायरमेंट के बाद लोग मेहनत करें और खानपान ठीक रखें तो कोई भी काम किया जा सकता है। उन्होंने चार हजार किलोमीटर की यात्रा कर गिनीज बुक ऑफ विश्व रिकार्ड में नाम दर्ज कराने का लक्ष्य रखा है।
आरएनएस वर्ल्ड स्कूल ने किया सम्मानित
गगन खोसला का आरएनएस वर्ल्ड स्कूल में विद्यालय निदेशक अभिनव गौड़ ने मार्चिंग बैंड से स्वागत किया। स्कूल के सभागार में गगन के सम्मान में छात्रों ने रंगारंग कार्यक्रम पेश किए। विद्यार्थियों ने ढोलक, पियानो की धुन पर गीत गाए। इस मौके पर विद्यालय की अध्यक्ष अनुराधा शर्मा, अक्षय गौड़, अनिरुद्घ गौड़, डॉ. आर सक्सेना, रूचि शुक्ला मौजूद रहीं। संचालन छात्रा निकिता आनंद ने किया।