अमर उजाला के नारी गरिमा के साझा संकल्प ‘अपराजिता: 100 मिलियन स्माइल्स’ के तहत सोमवार को गोष्ठी आयोजित की गई, जिसमें वक्ताओं ने कहा कि महिलाओं की तरक्की के बगैर किसी भी समाज या देश की प्रगति की परिकल्पना नहीं की जा सकती है। इस दौरान नारी गरिमा को अक्षुण्ण बनाए रखने की शपथ ली गई।
खातीबाबा स्थिति माउंट लिट्रा जी स्कूल में आयोजित गोष्ठी में विद्यालय के प्रधानाचार्य विंसेंट स्टूअर्ट ने कहा कि भारत के यान को चांद में भेजने में दो महिलाओं की बड़ी भूमिका सामने आई है। ये परिस्थितियां साबित करती हैं कि महिलाएं किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं। जरूरत तो बस उन्हें प्रोत्साहित करने की है। प्रबंधक डा. रोहित पांडेय ने कहा कि महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा देने के लिए सभी को अपना दृष्टिकोण बदलना होगा। प्रशासनिक अधिकारी रिटायर्ड लेफ्टिनेंट कर्नल एसएस चौहान ने सभी को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने को प्रेरित किया। इस दौरान अन्य लोगों ने भी विचार व्यक्त किए।