झांसी-कानपुर डबल ट्रैक और आईटीआई रेलवे क्रासिंग पर बने रहे अंडरब्रिज का काम और तेज हो गया है। उम्मीद है कि तय समय में ये दोनों काम पूरे हो जाएंगे।
रेल विकास निगम लिमिटेड ने झांसी- कानपुर डबल ट्रैक का काम देश की नामी तीन कंपनियों को सौंपा है। झांसी से एरच रोड स्टेशन (66 किलोमीटर) तक का 265 करोड़ का काम मुंबई की कंपनी जीएमआर को सौंपा गया है। एरच रोड से ऊसरगांव (70 किलोमीटर) तक का 288 करोड़ का काम बंगलूरू की कंपनी केईसी व ऊसरगांव से भीमसेन (69 किलोमीटर) तक का 264 करोड़ का काम दक्षिण भारत की कंपनी एसईडब्लू को सौंपा गया है। तीनों कंपनियां अपने हिस्से का काम तेजी से करने में जुटी हुई हैं। आधे से अधिक काम पूरा हो चुका है। इन दिनों ग्वालियर रोड और दतिया गेट फिल्टर रेलवे क्रासिंग के पास डबल ट्रैक काम तेजी से चल रहा है। इस योजना को मार्च 2018 में पूरा किया जाना प्रस्तावित है। डबल ट्रैक होने पर कानपुर रेल मार्ग पर रेल का सफर और सुगम हो जाएगा।
इसी तरह साढ़े तीन करोड़ की लागत से आईटीआई रेलवे क्रासिंग पर बने रहे अंडर ब्रिज का काम तेजी पकड़े हुए है। इस सप्ताह पटरियों के दूसरी खुदाई कर (आईटीआई की तरफ) रास्ता बनाने का काम शुरू कर दिया गया। तरफ मुख्य सड़क तक आने के लिए शेड पहले ही बना लिया गया था। अब आबादी की तरफ जाने के लिए दूसरा शेड बनना बाकी रह गया है। इसी गति से काम हुआ तो मई 2017 तक यह अंडरब्रिज आम लोगों के लिए खुल जाएगा।