13 साल में भी तय नहीं, चौराहा बनेगा या फ्लाईओवर
झांसी। सेना की आपत्ति के चलते एनएच 25 पर ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर सड़क परियोजना पर बनने वाले फ्लाईओवर का काम पिछले 13 सालों से अधूरा पड़ा हुआ है। इस बीच नेशनल अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) ने फ्लाईओवर के स्थान पर चौराहा बनाने की योजना तैयार की थी लेकिन ये भी परवान नहीं चढ़ पाई है। ऐसे में एनएचएआई एक बार फिर फ्लाईओवर के निर्माण का रास्ता तलाश रहा है। इसका एक बार फिर से प्रस्ताव सेना को भेजे जाने की तैयारी है।
कानपुर मार्ग को शिवपुरी से जोड़ने वाला रास्ता ग्वालियर मार्ग से होकर गुजरता है। फोरलेन निर्माण के दौरान कानपुर - शिवपुरी मार्ग को जोड़ने के लिए ग्वालियर मार्ग पर सेना की हवाई पट्टी के आगे नहर के पास फ्लाईओवर निर्माण का काम शुरू किया गया था। इसका आधे से अधिक निर्माण हो गया था और इस पर दो करोड़ रुपये से अधिक की राशि खर्च भी की जा चुकी थी लेकिन इससे पहले कि निर्माण पूरा हो पाता, सेना ने आपत्ति लगा दी। सेना का कहना था कि फ्लाईओवर बन जाने से उसकी हवाई पट्टी के भीतर की गोपनीयता भंग हो जाएगी। फ्लाईओवर से हवाई पट्टी के अंदर की गतिविधियां देखी जा सकेंगी। सेना की आपत्ति के बाद 13 अक्तूबर 2006 को काम बंद कर दिया गया था। तब से फ्लाईओवर अधूरा ही पड़ा हुआ है। हालांकि, एनएचएआई की ओर से सेना की सहमति के लिए खूब कागजी घोड़े दौड़ाए गए, परंतु नतीजा सिफर ही रहा। फ्लाईओवर निर्माण की मंजूरी मिलते न देख एनएचएआई ने यहां ग्वालियर मार्ग पर चौराहा बनाने की योजना तैयार कर ली थी लेकिन इसे एनएचएआई के मुख्यालय ने खारिज कर दिया है।
मुख्यालय द्वारा चौराहे के प्रस्ताव को नामंजूर किए जाने के बाद अब एक बार फिर एनएचएआई फ्लाईओवर निर्माण की दिशा में काम कर रहा है। फ्लाईओवर की नई डिजाइन तैयार की जा रही है। इसमें सेना की पट्टी की ओर फ्लाईओवर में व्यू कटर लगाए जाएंगे, इससे फ्लाईओवर के ऊपर से सेना की हवाई पट्टी नजर नहीं आएगी। नया प्रस्ताव तैयार कर सेना को भेजा जाएगा। सेना की मंजूरी के बाद फ्लाईओवर के निर्माण का रास्ता साफ हो पाएगा।
‘ब्लैक स्पॉट’ बन जाएगा चौराहा
एनएचएआई मुख्यालय का कहना है कि फ्लाईओवर के स्थान पर प्रस्तावित चौराहा ब्लैक स्पॉट (दुर्घटना क्षेत्र) साबित होगा। कानपुर, शिवपुरी, झांसी से ग्वालियर से लगातार हल्के और भारी वाहनों का आवागमन बना रहता है। फोरलेन पर गाड़ियां रफ्तार से भागती हैं। ऐसे में चौराहे पर हर समय वाहनों के टकराने का खतरा बना रहेगा। इसी वजह से चौराहे के का प्रस्ताव खारिज किया गया है।
मुख्यालय द्वारा चौराहे का प्रस्ताव खारिज करने के बाद अब नये सिरे से फ्लाईओवर की योजना बनाई जा रही है। फ्लाईओवर में व्यू कटर लगाए जाएंगे। इससे सेना की हवाई पट्टी नजर नहीं आएगी। नया प्रस्ताव तैयार कर सेना के पास भेजा जाएगा। जिस जगह फ्लाईओवर बनना है, वो एनएच 25 पर ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर सड़क परियोजना का महत्वपूर्ण स्थान है। निर्माण रुका होने की वजह से ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर भी अधूरा पड़ा हुआ है। - राजीव पाठक, परियोजना प्रबंधक - एनएचएआई
आवागमन बना हुआ है मुश्किल
कानपुर - शिवपुरी फोरलेन का काम अधूरा पड़ा होने की वजह से अभी आवागमन में भारी परेशानी होती है। कानपुर की ओर से आने वाले वाहनों को ग्वालियर मार्ग पर पहुंचने से पहले फोरलेन से नीचे उतरना पड़ता है। यहां से शिवानी होटल के पास से होते हुए शिवपुरी मार्ग की ओर रुख करना होता है। यही स्थिति शिवपुरी की ओर से आने वाले वाहनों की भी होती है। इससे यहां अक्सर जाम की स्थिति भी बनी रहती है। दुर्घटना की भी हर समय आशंका बनी रहती है। खासतौर पर चौपहिया व दुपहिया वाहनों को भारी वाहनों की चपेट में आने का भय बना रहता है।