कोरोना महामारी के चलते अब ट्रेन के एसी कोच में मुसाफिरों और ज्यादा शुद्ध हवा मिलेगी। अभी एसी डक्ट के जरिये बाहर से जाने वाली ऑक्सीजन (हवा) का औसत प्रति व्यक्ति 0.25 घनमीटर होता है, जिसे अब बढ़ाकर 0.35 किया जा रहा है। जबकि कूलिंग के लिए अलग से तापमान सेट किया जाता है। ये सुविधा उत्तर मध्य रेलवे के झांसी, आगरा व प्रयागराज से संचालित सभी एसी कोचों में महीने के आखिर तक मिलने लगेगी।
सफर के दौरान यात्रियों को एसी कोच में ऑक्सीजन की कमी न पड़े सके। इस बात का ध्यान रखकर अब कोच में मौजूद आक्सीजन का स्तर बढ़ाया जा रहा है। कोच को ठंडा करने के लिए बोगी की छत पर एक एसी यूनिट लगी रहती है। इसमें एक डक्ट होता है, जिसके जरिये कोच के अंदर की हवा को बाहर निकालने और बाहर की ताजी हवा को अंदर पहुंचाने की अलग- अलग व्यवस्था होती है।
एसी यूनिट से कोच के अंदर ताजी हवा पहुंचाने के लिए डक्ट को जितना अधिक खोला जाएगा, ऑक्सीजन का स्तर उतना बढ़ता जा रहा है। इस संबंध में जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह ने बताया कि एसी कोच में ऑक्सीजन का स्तर बढ़ाने के लिए ऐसा किया जा रहा है। इस महीने के आखिर तक यह काम पूरा हो जाएगा।