झांसी। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश अवनीश कुमार द्विवेदी की अदालत ने बिना इरादतन हत्या के एक मामले में तीन आरोपियों को 10 - 10 साल की सजा से दंडित किया।
थाना टहरौली के ग्राम बेरवई में 15 जुलाई 1999 को खेत पर काम करते समय दयाराम व जयहिंद तथा उनकी भाभी जमुना देवी पर गांव के ही सरमन काछी, मन्नू काछी, छंदीलाल व बालकिशन ने लाठी - डंडों से हमला बोल दिया था। घटना की रिपोर्ट जमुना देवी के पति रघुनंदन ने थाना टहरौली में दर्ज कराई थी। घटना के अगले दिन दयाराम की मेडिकल कालेज में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। मुकदमे की सुनवाई के दौरान अभियुक्त छंदीलाल की मौत हो गई।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) रामकुमार पांडेय के अनुसार अदालत ने दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद अभियुक्त सरमन काछी, मन्नू काछी व बालकिशन को धारा 304 में 10 - 10 वर्ष के कारावास व पांच - पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा से दंडित किया। जुर्माना अदा न करने पर अभियुक्तों को एक - एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। जबकि, धारा 323 व 504 में छह - छह माह के कारावास व पांच - पांच सौ रुपये अर्थदंड की सजा से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर अभियुक्तों को एक - एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।