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कोरोना ने बढ़ा दी सांस के 20 हजार रोगियों की धड़कन, कइयों ने कराई कोविड जांच

Sun, 14 Jun 2020 03:42 AM IST
झांसी ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
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heart - फोटो : pixa
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लॉकडाउन खुलने के बाद धूल, प्रदूषण की वजह से सांस रोगियों की संख्या में इजाफा भी हुआ है। कोरोना वायरस के इस दौर में झांसी के 20 हजार से अधिक सांस के रोगियों की धड़कन बढ़ी हुई है। बार-बार सांस उखड़ने पर उन्हें कोरोना वायरस का डर सताने लगता है। इसी चक्कर में कई श्वांस रोगी सांस लेने में समस्या होने पर कोविड की जांच भी करा रहे हैं।

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झांसी में अस्थमा, सीओपीडी, ब्रोन्किइक्टेसिस समेत विभिन्न प्रकार के लगभग 20 हजार सांस के रोगी हैं। कोरोना वायरस के चलते लॉकडाउन होने के कारण झांसी का एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 50 के आसपास पहुंच गया था। प्रदूषण का स्तर इतना कम होने से विभिन्न प्रकार के रोग भी कम हो गए थे लेकिन लॉकडाउन खुलने के बाद वाहनों की आवाजाही बढ़ने के चलते एक्यूआई 110 से अधिक पहुंच गया है।

प्रदूषण बढ़ने से श्वांस रोगियों की संख्या बढ़ गई है। मरीज सरकारी चिकित्सालयों में चालू टेलीमेडिसिन सुविधा के तहत डॉक्टर को फोन कर दवाएं पूछ रहे हैं। चूंकि, कोरोना संक्रमित होने पर कई मरीजों की भी सांस फूलने लगती है, ऐसे में इन दिनों श्वांस रोगियों की धड़कन बढ़ी हुई है। जैसे ही किसी रोगी की सांस फूलने लगती है तो उसे कोरोना का डर सताने लगता है।
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कोरोना और सांस रोगी में अंतर
- सांस रोगी की श्वांस फूलने पर बुखार नहीं होता, जबकि कोरोना में बुखार हो सकता है।
- दोनों ही बीमारियों में खांसी आती है लेकिन कोरोना संक्रमित की खांसी सूखी होती है।
- कोरोना वायरस से पीड़ित मरीज को कमजोरी आती है, जबकि, सांस रोगी को ऐसा नहीं होता।

सांस फूले तो ये करें
- तुरंत पीठ के बल लेट या बैठ जाएं।
- 45 डिग्री पर तकिया लगाकर लेटें।
- इन्हेलर का उपयोग भी बढ़ा सकते।
- ऑक्सीजन के लिए खुले में आ जाएं।
- डॉक्टर से भी चिकित्सीय परामर्श लें।

इन दिनों सांस के रोगी बढ़े हैं। टेलीमेडिसिन सुविधा के तहत कई सांस के रोगी फोन कर परामर्श ले रहे हैं। मगर कोरोना और सांस के रोगी में काफी अंतर होता है। लोगों को यह अंतर जानना चाहिए। कोरोना में सूखी खांसी और बुखार भी हो सकता है। साथ ही कमजोरी भी आ सकती है। बेवजह घबराकर सीधे कोरोना वायरस की जांच कराने के बारे में नहीं सोचना चाहिए। - डॉ. डीएस गुप्ता, वरिष्ठ फिजीशियन, जिला अस्पताल।

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