एट-कोंच शटल पैसेंजर से गार्ड हटाने का विरोध
एनसीआरईएस के सदस्यों ने सीनियर डीओएम को घेरा
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी।
रेल प्रशासन ने दस नवंबर से एट-कोंच के बीच चलने वाली शटल (पैसेंजर) ट्रेन से गार्ड को हटाने का निर्णय लिया है। मंगलवार को नॉर्थ सेंट्रल रेलवे इंप्लाइज संघ के प्रतिनिधि मंडल ने वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक का घेराव कर विरोध जताया। कर्मचारी नेताओं का तर्क है कि यह रेलवे की संरक्षा और यात्रियों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ होगा। हालांकि अभी मुख्यालय से कोई स्वीकृति नहीं मिली है।
एट और कोंच के लोगों की सुविधा के लिए शटल ट्रेन चलाई जाती है। दोनों स्टेशनों के बीच 15 किलोमीटर की दूरी है। पांच डिब्बों की यह गाड़ी प्रतिदिन पांच फेरे लगाती है। इस कारण रेल प्रशासन का मानना है कि ट्रेन में गार्ड की जरूरत नहीं है। इससे रेल प्रशासन ने दस नवंबर से शटल ट्रेन से गार्ड को हटाने का निर्णय लिया है। इसकी पुष्टि जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह ने की थी।
मंगलवार को नॉर्थ सेंट्रल रेलवे इंप्लाइज संघ के सदस्यों ने लाइन ब्रांच के सचिव केएस शुक्ला के नेतृत्व में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक शशिभूषण का घेराव कर एट-कोंच शटल से गार्ड हटाने का विरोध जताया। सदस्यों का कहना था कि ऐसा होना से यात्रियों की सुरक्षा से खिलवाड़ होगा। इस पर वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक ने बताया कि मुख्यालय से अभी इस मामले में कोई स्वीकृति नहीं आई है। इस मौके पर अभिषेक दुबे, नीरज वर्मा, अभय दीक्षित, केके शर्मा, अनिल पाल, मनोज कुमार, पंकज सिंह, मदन सिंह वर्मा, धर्मेंद्र कुमार, रवि शर्मा, यूपी सिंह, सुनील कुमार शर्मा, अजय सचदेवा, सुरेश वर्मा व अमित यादव मौजूद रहे।