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Jaunpur News: अटाला मस्जिद के वायरल वीडियो से प्रशासन में खलबली, खुफिया तंत्र से लेकर अधिकारियों ने की अपने स्तर से छानबीन

Wed, 01 Jun 2022 02:33 PM IST
उत्पल कांत संवाद न्यूज एजेंसी, जौनपुर

सार

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल कर दावा किया जा रहा है कि जहां अटाला मस्जिद है वहां पहले अटल देवी का मंदिर था, जिसका जिक्र जिले के इतिहास पर लिखी त्रिपुरारि भास्कर की पुस्तक जौनपुर के इतिहास में किया गया है। 
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जौनपुर की अटाला मस्जिद। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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जौनपुर में अटाला मस्जिद के बारे में वीडियो वायरल होने से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया। इसमें किए गए दावे की जांच करने के बाद अधिकारियों ने मंगलवार शाम कहा कि वीडियो भ्रामक सूचना फैलाने के उद्देश्य से वायरल किया गया। ऐसी कोई बात नहीं है।

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सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल कर दावा किया जा रहा है कि जहां अटाला मस्जिद है वहां पहले अटल देवी का मंदिर था, जिसका जिक्र जिले के इतिहास पर लिखी त्रिपुरारि भास्कर की पुस्तक जौनपुर के इतिहास में किया गया है। इसके बाद अश्वनी उपाध्याय नामक शख्स ने ट्वीटर पर वीडियो पोस्ट कर डीएम जौनपुर और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से जांच कराने की मांग की।

उन्होंने कहा कि अटाला के उत्तरी गेट की बालकनी को पर्दे से ढक कर दीवारों के पत्थरों को ग्राइंडर से चिकना किया जा रहा है। संदेह है कि वहां पर मंदिर मौजूद है जिसके साक्ष्य नष्ट किए जा रहे हैं। अश्वनी उपाध्याय सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता बताए जा रहे हैं। इसके बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने खुफिया तंत्र और इसके बाद पुलिस को भेजकर सत्यता की जांच कराई, फिर मंगलवार की दोपहर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट हिमांशु नागपाल पहुंचे।

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पुरातत्व विभाग की संरक्षित इमारतों में से एक अटाला मस्जिद

अटाला मस्जिद के बाहर मीडिया से बात करते अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने बताया कि शिकायत गलत है, ऐसी कोई बात नहीं है। वीडियो में जो आवाज आ रही है वह बगल के निर्माणाधीन एक भवन से आ रही है। शाम को पांच बजे अपर जिलाधिकारी भू एवं राजस्व रजनीश राय ने भी निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि एक वीडियो वायरल होने के बाद अटाला मस्जिद का भ्रमण किया। वीडियो में जिस आवाज और चिह्न मिटाने की बात हो रही है वह भ्रामक एवं असत्य है।

अटाला मस्जिद में कोई ऐसी घिसाई व चिह्न मिटाने का कार्य नहीं हो रहा है। यह मस्जिद भारतीय पुरातत्व विभाग की संरक्षित इमारतों में से एक है, इसमें कोई भी परिवर्तन न तो किया जा रहा है और न ही किया जा सकता है। कथित वीडियो में जो आवाज सुनाई दे रही है वह अटाला मस्जिद के सामने एक भवन के बनने से सुनाई दे रही है। अटाला मस्जिद के नीचे के दुकानदार, आगे टीनशेड लगाकर दुकान चला रहे हैं, जिनको तीन दिन के अंदर हटाने के निर्देश दिए गए हैं।  
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आज आएगी पुरातत्व विभाग की टीम

अटाला मस्जिद को लेकर प्रशासन गंभीर हो गया है। इसके लिए अधिकारियों ने मंगलवार को स्थलीय निरीक्षण भी किया। साथ ही मस्जिद से जुड़े लोगों से बातचीत की। सीआरओ रजनीश राय ने बताया कि बुधवार को पुरातत्व विभाग के अधिकारी आएंगे। वह मस्जिद से जुड़े लोगों के साथ बैठक करेंगे। इसमें अटाला मस्जिद की बेहतरी के लिए उनसे बातचीत कर आगे का निर्णय लेंगे।
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