जौनपुर। दाखिले को लेकर अब कॉलेजों की मनमानी नहीं चलेगी। शासन की ओर से जारी नए शैक्षिक कैलेंडर से निजी कॉलेजों की परेशानी बढ़ सकती है। 24 जुलाई तक प्रवेश प्रक्रिया हर हाल में पूरी करनी है। कॉलेजों को इस बात का डर सता रहा है कि कहीं चालू सत्र में सीटें खाली न रह जाएं। अभी तक कॉलेजों में अगस्त से सितंबर तक विभिन्न कक्षाओं में प्रवेश लेते थे। यहां तक की परीक्षा से एक सप्ताह पहले तक फाॅर्म भरवाकर परीक्षा में शामिल करा लेते थे। अब शासन से जारी शैक्षिक कैलेंडर में साफ कर दिया है कि 24 जुलाई तक हर हाल में कॉलेज दाखिला पूरा कर ले, 26 जुलाई से कक्षाएं शुरू हो जाएंगी। समय कम होने के कारण यदि सीटें नहीं भरी तो कई विषयों की पढ़ाई बंद हो सकती है या फिर कॉलेज में ताला लग सकता है। कई ऐसे बड़े एडेड कॉलेज हैं कि जिनमें स्नातक प्रथम सेमेस्टर में प्रवेश परीक्षा के आधार पर दाखिला लिया जाता है। प्रवेश परीक्षा के बाद रिजल्ट घोषित होगा, मेरिट तैयार की जाएगी फिर प्रवेश लिया जाएगा।
पूविवि से संबद्ध हैं 559 निजी कॉलेज -पूर्वांचल विश्वविद्यालय से संबद्ध जौनपुर में 206 और गाजीपुर में 353 निजी कॉलेज शामिल हैं। कुल 559 निजी महाविद्यालय है। इसमें से 90 महाविद्यालयों की संबद्धता नहीं है। 10 जून निरीक्षण मंडल नामित कर दिया गया था। महाविद्यालय को 15 जून तक निरीक्षण मंडल कराने को कहा गया था। 20 जून तक कालेजों को संबद्धता प्रदान कर डिटेल वेबसाइट पर अपलोड कर देना है। निरीक्षण मंडल कराने की तिथि बीत चुकी है। 16 जून को पता चलेगा की कितने कालेजों ने निरीक्षण मंडल कराकर विश्वविद्यालय को उपलब्ध कराया।
सरकार निजी कॉलेजों को बंद करने की साजिश कर रही है। स्ववित्तपोषित महाविद्यालय प्रबंधक महासंघ इसका विरोध कर रहा है। उनका कहना है कि जुलाई में प्रवेश प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाएगी। इससे छात्रों की संख्या प्रभावित होगी। इसको लेकर प्रदेश संगठन शासन से वार्ता चल रही है। डॉ. दिनेश तिवारी अध्यक्ष, स्ववित्तपोषित महाविद्यालय प्रबंधक महासंघ जौनपुर।