फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jaunpur News: जौनपुर में जमीन के विवाद में ताइक्वांडो खिलाड़ी की तलवार से गर्दन काटकर हत्या

विज्ञापन
विज्ञापन
गौराबादशाहपुर थाना क्षेत्र के कबीरुद्दीनपुर गांव में बुधवार की सुबह साढ़े सात बजे जमीन के विवाद में पड़ोस के युवक ने किशोर ताइक्वांडो खिलाड़ी की तलवार से गर्दन काटकर हत्या कर दी। आरोपी ने किशोर के चचेरे भाई को भी दौड़ा लिया, लेकिन वह भाग गया। सूचना पर पुलिस अधिकारी पहुंचे। परिजनों ने आरोपी पर कार्रवाई की मांग करते हुए पुलिस को शव कब्जे में लेने से रोक दिया। सुभासपा के विधायक जगदीश नारायण राय और अधिकारियों के समझाने के बाद परिजनों ने चार घंटे बाद पुलिस को शव सौंपा। परिजनों की तहरीर पर छह आरोपियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर आरोपी के पिता को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य की गिरफ्तारी के लिए टीम का गठन कर दिया गया है।
विज्ञापन

गांव के रामजीत यादव व लालता यादव के बीच कई साल से जमीन का विवाद चल रहा है। एक हफ्ते पूर्व रामजीत रोजी-रोटी के सिलसिले में दूसरे शहर चला गया है। मंगलवार की सुबह रामजीत यादव के पुत्र अनुराग यादव उर्फ छोटू (16) ने घर के सामने उगी घास फावड़े से साफ कर दी थी। इसको लेकर पड़ोसियों ने रामजीत की पत्नी से गाली-गलौज की थी। उस समय मामला शांत हो गया था। बुधवार की सुबह करीब 7.30 बजे अनुराग घर के सामने दातुन कर रहा था। पीड़ित परिजनों का आरोप है कि उसी समय लालता यादव का पुत्र रमेश तलवार लेकर दौड़ते हुए आया और पीछे से अनुराग की गर्दन पर वार कर दिया। इससे सिर, धड़ से अलग हो गया और अनुराग की मौत हो गई। इसके बाद रमेश ने अनुराग के चचेरे भाई रामजस को भी दौड़ा लिया। रामजस वहां से भागा और किसी तरह बाउंड्री वाॅल फांदकर प्राथमिक विद्यालय परिसर में कूदकर अपनी जान बचाई।
ग्रामीणों को जुटता देख आरोपी रमेश घर में छिप गया। सूचना के बाद डीएम डॉ. दिनेश चंद्र और एसपी डॉ. अजय पाल शर्मा, दो सीओ फोर्स के साथ पहुंचे। एसपी सीधे आरोपी युवक के घर पहुंचे और उकसा कर वारदात करवाने वाले रमेश के पिता लालता को दौड़ाकर पकड़ लिया। जबकि आरोपी रमेश छत से कूदकर फरार हो गया। उधर, अनुराग की मां आशा देवी पुत्र के कटे सिर को गोद में लेकर बिलख रही थीं। परिजनों ने पुलिस को अनुराग का शव उठाने नहीं दिया। कहा कि जब तक ठोस कार्रवाई नहीं की जाती, शव पुलिस को नहीं देंगे। क्षेत्रीय विधायक जगदीश नारायण राय और अधिकारियों के समझाने के बाद परिजनों ने चार घंटे बाद शव को पुलिस को सौंपा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें