29 जून की रात भाई किशोरी को घर के पास मक्के के खेत में ले गया। वहां उसका मुंह और नाक दबा दी। इससे दम घुटने से उसकी मौत हो गई। इसके बाद मां-बेटे ने शव तालाब के किनारे रख दिया। घटना को दूसरा रूप देने के लिए कमर से ऊपर के कपड़े निकाल दिए थे। दोनों के खिलाफ केस दर्ज कर जेल भेज दिया गया। जिन पांच लोगों के खिलाफ किशोरी के पिता ने केस दर्ज कराया था, उन्हें मुक्त कर दिया गया।