स्वजनों का आरोप है कि वह गुरुवार के तीसरे पहर बगैर कुछ बताए छत पर जाकर अपने बेडरूम का दरवाजा भीतर से बंद कर लिया। शाम को स्वजन उसे बुलाने लगे तो भीतर कोई आहट नहीं हुई। दरवाजा पीटने के बाद भी भीतर कोई प्रतिक्रिया नहीं हुई तो खिड़की से झांक कर देखा तो सन्न रह गए।
भीतर फंदे के सहारे उसका शव हवा में लटक रहा था। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने फंदे से शव नीचे उतरवाया। वहीं, मृतका के पिता ने थाने में नामजद तहरीर देकर आरोप लगाया है कि बेटी के ससुर भवानी प्रसाद, पति शैलेश, जेठ दुर्गेश, अभिषेक और विनीत तथा जेठानी रुची शर्मा, तृशा और निशा शर्मा उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करते रहते थे। गुरुवार को उसकी हत्या के बाद शव को फांसी पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किए हैं।