पिता विजय बहादुर सिंह बीच बचाव करने आए तो आरोपियों ने उनकी पिटाई की जिससे वह गिर पड़े। शोर मचाने पर आसपास के लोग आ गए। घटना देखे व बीच बचाव किया। घायलों को सरकारी अस्पताल मुंगरा बादशाहपुर ले जाया गया। पिता विजय को सदर जिला चिकित्सालय रेफर किया। वहां पहुंचने पर वादी के पिता को डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने विवेचना करके कोर्ट में केस डायरी दाखिल किया। कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पत्रावली में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर हत्या के दोषी मिठाई लाल बिंद व उनके पुत्र दिलीप व धर्मेंद्र तथा चौथे आरोपी राम प्रसाद बिंद सजा सुनाई। आरोपी विपिन के अवयस्क होने के कारण उसकी पत्रावली 13 अक्टूबर 2025 को अलग करते हुए किशोर न्याय बोर्ड प्रेषित की गई।