संवाद न्यूज एजेंसी
जौनपुर। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत जिले में 85 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। युवाओं की बैंक में सिबिल अच्छी नहीं हुई तो पोर्टल आवेदन नहीं लेगा। आवेदन खुद डिफाल्ट में चला जाएगा। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत स्वरोजगार शुरू करने के लिए पांच लाख तक का ऋण दिया जाएगा। जिले को एक हजार युवाओं को स्वरोजगार शुरू करने के लिए ऋण देने का लक्ष्य रखा गया है। इसे पूरा करने के लिए उद्योग विभाग रणनीति बना रहा है। इसके लिए ऐसे संस्थानों के प्राचार्यों और जिम्मेदारों से बातचीत की गई है, जहां व्यावसायिक गतिविधि की शिक्षा चलती है।
इन्हें मिलेगा ऋण : इसमें प्रमुख रूप से आईटीआई में कौशल विकास मिशन में आचार, मुरब्बा व अन्य का प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले, पाॅलिटेक्निक व आईटीआई के छात्रों को स्वरोजगार के लिए ऋण दिलाने की तैयारी है। इसकी वजह इन संस्थानों में छात्र विभिन्न ट्रेड में पढ़ाई के साथ प्रशिक्षण करते हैं। इस लिए इन्हें योजना के बारे में जागरूक किया जा रहा है। आवेदन करने पर बैंक से आधार लिंक होने से ये पता चल जाएगा कि उसने कितना व कब ऋण लिया है। ऋण जमा करने की क्या प्रगति है। इस आधार पर बैंक सिबिल तैयार करता है। यदि सिबिल 660 से नीचे रहा तो पोर्टल पर आवेदन नहीं लेगा और डिफाल्ट ग्रुप में चला जाएगा। अगर आवेदन सही रहा तो बैंक से ऋण मिलने में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत अभी तक 85 आवेदन हुए हैं। किसी भी सहज जनसेवा केंद्र से व्यावसायिक गतिविधि में प्रशिक्षण प्राप्तकर्ता ही ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। किसी व्यक्ति की सिबिल अच्छी होगी तो ऋण प्राप्त करने में परेशानी नहीं होगी। - संदीप कुमार, उपायुक्त उद्योग।