जिला पंचायत के वार्ड संख्या 25 से पर्चा खारिज होने के मामले में सोमवार को आरती सरोज और उनके समर्थकों ने कलेक्ट्रेट सभागार के सामने हंगामा किया। उनका आरोप है कि प्रशासन ने जानबूझ कर उनका पर्चा खारिज कर दिया।
बक्शा के जिला पंचायत वार्ड संख्या 25 से आरती सरोज समेत दो प्रत्याशियों का पर्चा खारिज किए जाने का मामला प्रशासन के गले की कहीं फांस न बन जाए!
कारण कि प्रशासन ने वार्डों के परिसीमन की अंतिम सूची जारी होने के बाद उसमें रातोंरात फेरबदल का मामला सामने आया है। उधर निर्वाचन अधिकारी जिला पंचायत ने नए सिरे से सूची का अवलोकन शुरू कर दिया है।
जिला पंचायत सदस्य के लिए आरती सरोज ने बक्शा के वार्ड संख्या 25 से इस बार भी पर्चा भरा था। उन्होंने सड़ेरी गांव निवासी लालबहादुर को अपना प्रस्तावक बनाया।
उनका आरोप है कि परिसीमन की अंतिम सूची के वार्ड संख्या 25 में ग्राम सड़ेरी प्रथम क्रमांक 30 पर और सड़ेरी द्वितीय क्रमांक 31 पर अंकित रहा।
15 अक्तूबर को पर्चे की जांच के बाद प्रत्याशियों की जो सूची चस्पा की गई उस पर क्रमांक दो पर उनका नाम था। लेकिन सत्ताधारी दल के नेताओं के दबाव में रातोंरात वार्ड संख्या 25 से सड़ेरी गांव को निकाल कर वार्ड 24 में शामिल कर दिया गया।
16 अक्तूबर की रात में आनन फानन में यह कहते हुए पर्चा निरस्त कर दिया कि सड़ेरी गांव वार्ड संख्या 25 में नहीं 24 में है। आरती का कहना है कि इस मामले को लेकर वह हाईकोर्ट जाएंगी।